1997
मंगलवार, 15 अप्रैल 1997
1997 में तिथि 15 अप्रैल, सुबह 11:29 से 16 अप्रैल, दोपहर 1:47 तक है; मंगलवार, 15 अप्रैल 1997 को अपराह्न (दोपहर बाद का समय) के समय यह चल रही है, इसलिए राम नवमी इसी दिन है।
1998
शनिवार, 4 अप्रैल 1998
1998 में तिथि 4 अप्रैल, दोपहर 1:52 से 5 अप्रैल, दोपहर 2:34 तक है; यह अपराह्न (दोपहर बाद का समय) के समय दो दिन चल रही है (शनिवार, 4 अप्रैल 1998 और रविवार, 5 अप्रैल 1998)। अधिकांश पंचांगों की तरह पहला दिन लिया गया है।
तारीख कैसे तय होती है
राम नवमी चान्द्र मास चैत्र के शुक्ल पक्ष का नौवाँ दिन (नवमी) को पड़ता है। तारीख वह दिन है जिस दिन अपराह्न (दोपहर बाद का समय) के समय यह तिथि चल रही हो।
परिचय
राम नवमी चैत्र शुक्ल पक्ष की नौवीं तिथि को पड़ती है और चैत्र नवरात्रि का समापन करती है। रामायण जन्म को मध्याह्न में पुनर्वसु नक्षत्र में रखती है, इसलिए मध्याह्न-काल निर्णायक क्षण है, और जिस दिन के मध्याह्न में नवमी हो वही दिन चुना जाता है। जहाँ नवमी दो दिन मध्याह्न को छुए, वहाँ ग्रंथ उस दिन को वरीयता देते हैं जब नवमी पुनर्वसु के साथ हो, अन्यथा पहले दिन को। अयोध्या, भद्राचलम और रामेश्वरम में इस दिन वर्ष के सबसे बड़े समागम होते हैं।
कैसे मनाया जाता है
रामायण पाठ, मंदिरों में मध्याह्न का जन्मोत्सव और मध्याह्न पूजा तक उपवास।
