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School of Vedic Sciences, FORE

पर्व और व्रत · Ratha Saptami

रथ सप्तमी

माघ शुक्ल सप्तमी, भोर से पहले स्नान के साथ सूर्य के लिए।

2047 में: शनिवार, 2 फ़रवरी 2047 (नई दिल्ली)

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2047

शनिवार, 2 फ़रवरी 2047

2047 में तिथि 1 फ़रवरी, शाम 4:57 से 2 फ़रवरी, शाम 7:27 तक है; शनिवार, 2 फ़रवरी 2047 को अरुणोदय (सूर्योदय से चार घटी, 96 मिनट, पहले) के समय यह चल रही है, इसलिए रथ सप्तमी इसी दिन है।

2048

बुधवार, 22 जनवरी 2048

2048 में तिथि 21 जनवरी, दोपहर 12:37 से 22 जनवरी, दोपहर 2:21 तक है; बुधवार, 22 जनवरी 2048 को अरुणोदय (सूर्योदय से चार घटी, 96 मिनट, पहले) के समय यह चल रही है, इसलिए रथ सप्तमी इसी दिन है।

तारीख कैसे तय होती है

रथ सप्तमी चान्द्र मास माघ के शुक्ल पक्ष का सातवाँ दिन (सप्तमी) को पड़ता है। तारीख वह दिन है जिस दिन अरुणोदय (सूर्योदय से चार घटी, 96 मिनट, पहले) के समय यह तिथि चल रही हो।

परिचय

रथ सप्तमी माघ शुक्ल पक्ष की सातवीं तिथि है, जनवरी या फ़रवरी में, सूर्य के लिए। पुराण बताते हैं कि इस दिन सूर्य अपने सात घोड़ों के रथ को उत्तर की ओर मोड़ते हैं, इसीलिए इसे सूर्य जयंती भी कहते हैं। स्नान अरुणोदय में, सूर्योदय से पहले की अंतिम चार घटियों (96 मिनट) में, किया जाता है, इसलिए जिस दिन उस समय सप्तमी चल रही हो वही दिन चुना जाता है। दक्षिण भारत में सिर पर अर्क के पत्ते रखकर स्नान किया जाता है, और मंदिर देवता को रथ-यात्रा में निकालते हैं।

कैसे मनाया जाता है

सूर्योदय से पहले स्नान, उगते सूर्य को अर्घ्य, और द्वार पर कोलम या रंगोली में रथ का चित्र।

पंचांग में और