पंचांग · गोचर · चन्द्र
1993 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 1993 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
1993 में चन्द्र किन राशियों में है
- मेष2 जनवरी, सुबह 10:51
- वृषभ4 जनवरी, शाम 7:48
- मिथुन7 जनवरी, रात 1:01
- कर्क9 जनवरी, रात 3:08
- सिंह11 जनवरी, रात 3:44
- कन्या13 जनवरी, सुबह 4:38
- तुला15 जनवरी, सुबह 7:19
- वृश्चिक17 जनवरी, दोपहर 12:35
- धनु19 जनवरी, रात 8:22
- मकर22 जनवरी, सुबह 6:14
- कुम्भ24 जनवरी, शाम 5:44
- मीन27 जनवरी, सुबह 6:18
- मेष29 जनवरी, शाम 6:44
- वृषभ1 फ़रवरी, सुबह 5:02
- मिथुन3 फ़रवरी, सुबह 11:36
- कर्क5 फ़रवरी, दोपहर 2:13
- सिंह7 फ़रवरी, दोपहर 2:09
- कन्या9 फ़रवरी, दोपहर 1:29
- तुला11 फ़रवरी, दोपहर 2:21
- वृश्चिक13 फ़रवरी, शाम 6:20
- धनु16 फ़रवरी, रात 1:53
- मकर18 फ़रवरी, दोपहर 12:12
- कुम्भ21 फ़रवरी, रात 12:07
- मीन23 फ़रवरी, दोपहर 12:42
- मेष26 फ़रवरी, रात 1:12
- वृषभ28 फ़रवरी, दोपहर 12:22
- मिथुन2 मार्च, रात 8:34
- कर्क5 मार्च, रात 12:47
- सिंह7 मार्च, रात 1:31
- कन्या9 मार्च, रात 12:30
- तुला11 मार्च, रात 12:00
- वृश्चिक13 मार्च, रात 2:08
- धनु15 मार्च, सुबह 8:12
- मकर17 मार्च, शाम 6:00
- कुम्भ20 मार्च, सुबह 6:03
- मीन22 मार्च, शाम 6:45
- मेष25 मार्च, सुबह 7:03
- वृषभ27 मार्च, शाम 6:13
- मिथुन30 मार्च, रात 3:14
- कर्क1 अप्रैल, सुबह 9:05
- सिंह3 अप्रैल, सुबह 11:32
- कन्या5 अप्रैल, सुबह 11:33
- तुला7 अप्रैल, सुबह 11:01
- वृश्चिक9 अप्रैल, दोपहर 12:04
- धनु11 अप्रैल, शाम 4:29
- मकर14 अप्रैल, रात 12:54
- कुम्भ16 अप्रैल, दोपहर 12:26
- मीन19 अप्रैल, रात 1:08
- मेष21 अप्रैल, दोपहर 1:17
- वृषभ23 अप्रैल, रात 11:57
- मिथुन26 अप्रैल, सुबह 8:43
- कर्क28 अप्रैल, दोपहर 3:09
- सिंह30 अप्रैल, शाम 7:00
- कन्या2 मई, रात 8:40
- तुला4 मई, रात 9:19
- वृश्चिक6 मई, रात 10:35
- धनु9 मई, रात 2:11
- मकर11 मई, सुबह 9:18
- कुम्भ13 मई, शाम 7:51
- मीन16 मई, सुबह 8:17
- मेष18 मई, रात 8:27
- वृषभ21 मई, सुबह 6:46
- मिथुन23 मई, दोपहर 2:46
- कर्क25 मई, रात 8:35
- सिंह28 मई, रात 12:37
- कन्या30 मई, रात 3:21
- तुला1 जून, सुबह 5:27
- वृश्चिक3 जून, सुबह 7:52
- धनु5 जून, सुबह 11:49
- मकर7 जून, शाम 6:24
- कुम्भ10 जून, सुबह 4:06
- मीन12 जून, शाम 4:07
- मेष15 जून, सुबह 4:27
- वृषभ17 जून, दोपहर 2:54
- मिथुन19 जून, रात 10:24
- कर्क22 जून, रात 3:12
- सिंह24 जून, सुबह 6:17
- कन्या26 जून, सुबह 8:45
- तुला28 जून, सुबह 11:28
- वृश्चिक30 जून, दोपहर 3:04
- धनु2 जुलाई, रात 8:03
- मकर5 जुलाई, रात 3:00
- कुम्भ7 जुलाई, दोपहर 12:24
- मीन10 जुलाई, रात 12:05
- मेष12 जुलाई, दोपहर 12:38
- वृषभ14 जुलाई, रात 11:42
- मिथुन17 जुलाई, सुबह 7:29
- कर्क19 जुलाई, सुबह 11:46
- सिंह21 जुलाई, दोपहर 1:40
- कन्या23 जुलाई, दोपहर 2:51
- तुला25 जुलाई, शाम 4:53
- वृश्चिक27 जुलाई, रात 8:41
- धनु30 जुलाई, रात 2:30
- मकर1 अगस्त, सुबह 10:16
- कुम्भ3 अगस्त, शाम 7:58
- मीन6 अगस्त, सुबह 7:34
- मेष8 अगस्त, रात 8:16
- वृषभ11 अगस्त, सुबह 8:09
- मिथुन13 अगस्त, शाम 4:58
- कर्क15 अगस्त, रात 9:43
- सिंह17 अगस्त, रात 11:09
- कन्या19 अगस्त, रात 11:06
- तुला21 अगस्त, रात 11:38
- वृश्चिक24 अगस्त, रात 2:21
- धनु26 अगस्त, सुबह 7:57
- मकर28 अगस्त, शाम 4:13
- कुम्भ31 अगस्त, रात 2:29
- मीन2 सितंबर, दोपहर 2:16
- मेष5 सितंबर, रात 3:00
- वृषभ7 सितंबर, दोपहर 3:25
- मिथुन10 सितंबर, रात 1:30
- कर्क12 सितंबर, सुबह 7:38
- सिंह14 सितंबर, सुबह 9:47
- कन्या16 सितंबर, सुबह 9:26
- तुला18 सितंबर, सुबह 8:44
- वृश्चिक20 सितंबर, सुबह 9:48
- धनु22 सितंबर, दोपहर 2:04
- मकर24 सितंबर, रात 9:50
- कुम्भ27 सितंबर, सुबह 8:19
- मीन29 सितंबर, रात 8:23
- मेष2 अक्टूबर, सुबह 9:05
- वृषभ4 अक्टूबर, रात 9:32
- मिथुन7 अक्टूबर, सुबह 8:20
- कर्क9 अक्टूबर, दोपहर 3:58
- सिंह11 अक्टूबर, शाम 7:46
- कन्या13 अक्टूबर, रात 8:25
- तुला15 अक्टूबर, शाम 7:40
- वृश्चिक17 अक्टूबर, शाम 7:38
- धनु19 अक्टूबर, रात 10:14
- मकर22 अक्टूबर, सुबह 4:33
- कुम्भ24 अक्टूबर, दोपहर 2:25
- मीन27 अक्टूबर, रात 2:32
- मेष29 अक्टूबर, दोपहर 3:15
- वृषभ1 नवंबर, रात 3:22
- मिथुन3 नवंबर, दोपहर 1:59
- कर्क5 नवंबर, रात 10:16
- सिंह8 नवंबर, रात 3:35
- कन्या10 नवंबर, सुबह 6:01
- तुला12 नवंबर, सुबह 6:31
- वृश्चिक14 नवंबर, सुबह 6:41
- धनु16 नवंबर, सुबह 8:23
- मकर18 नवंबर, दोपहर 1:11
- कुम्भ20 नवंबर, रात 9:45
- मीन23 नवंबर, सुबह 9:24
- मेष25 नवंबर, रात 10:09
- वृषभ28 नवंबर, सुबह 10:04
- मिथुन30 नवंबर, रात 8:01
- कर्क3 दिसंबर, रात 3:44
- सिंह5 दिसंबर, सुबह 9:19
- कन्या7 दिसंबर, दोपहर 1:01
- तुला9 दिसंबर, दोपहर 3:15
- वृश्चिक11 दिसंबर, शाम 4:49
- धनु13 दिसंबर, शाम 6:58
- मकर15 दिसंबर, रात 11:08
- कुम्भ18 दिसंबर, सुबह 6:31
- मीन20 दिसंबर, शाम 5:17
- मेष23 दिसंबर, सुबह 5:57
- वृषभ25 दिसंबर, शाम 6:03
- मिथुन28 दिसंबर, रात 3:40
- कर्क30 दिसंबर, सुबह 10:25
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 1993: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
