पंचांग · गोचर · चन्द्र
1998 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 1998 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय लेस्टर के स्थानीय समय (Europe/London, GMT/BST) में।
1998 में चन्द्र किन राशियों में है
- कुम्भ1 जनवरी, रात 11:28
- मीन4 जनवरी, रात 2:14
- मेष6 जनवरी, सुबह 5:17
- वृषभ8 जनवरी, सुबह 8:57
- मिथुन10 जनवरी, दोपहर 1:40
- कर्क12 जनवरी, रात 8:12
- सिंह15 जनवरी, सुबह 5:23
- कन्या17 जनवरी, शाम 5:12
- तुला20 जनवरी, सुबह 6:07
- वृश्चिक22 जनवरी, शाम 5:34
- धनु25 जनवरी, रात 1:35
- मकर27 जनवरी, सुबह 6:00
- कुम्भ29 जनवरी, सुबह 8:00
- मीन31 जनवरी, सुबह 9:11
- मेष2 फ़रवरी, सुबह 10:59
- वृषभ4 फ़रवरी, दोपहर 2:20
- मिथुन6 फ़रवरी, शाम 7:42
- कर्क9 फ़रवरी, रात 3:14
- सिंह11 फ़रवरी, दोपहर 1:00
- कन्या14 फ़रवरी, रात 12:47
- तुला16 फ़रवरी, दोपहर 1:42
- वृश्चिक19 फ़रवरी, रात 1:51
- धनु21 फ़रवरी, सुबह 11:10
- मकर23 फ़रवरी, शाम 4:37
- कुम्भ25 फ़रवरी, शाम 6:41
- मीन27 फ़रवरी, शाम 6:51
- मेष1 मार्च, शाम 6:57
- वृषभ3 मार्च, रात 8:41
- मिथुन6 मार्च, रात 1:13
- कर्क8 मार्च, सुबह 8:56
- सिंह10 मार्च, शाम 7:19
- कन्या13 मार्च, सुबह 7:27
- तुला15 मार्च, रात 8:20
- वृश्चिक18 मार्च, सुबह 8:42
- धनु20 मार्च, शाम 7:05
- मकर23 मार्च, रात 2:09
- कुम्भ25 मार्च, सुबह 5:32
- मीन27 मार्च, सुबह 6:02
- मेष29 मार्च, सुबह 6:20
- वृषभ31 मार्च, सुबह 6:26
- मिथुन2 अप्रैल, सुबह 9:14
- कर्क4 अप्रैल, दोपहर 3:52
- सिंह7 अप्रैल, रात 2:06
- कन्या9 अप्रैल, दोपहर 2:32
- तुला12 अप्रैल, रात 3:27
- वृश्चिक14 अप्रैल, दोपहर 3:39
- धनु17 अप्रैल, रात 2:17
- मकर19 अप्रैल, सुबह 10:30
- कुम्भ21 अप्रैल, दोपहर 3:34
- मीन23 अप्रैल, शाम 5:32
- मेष25 अप्रैल, शाम 5:24
- वृषभ27 अप्रैल, शाम 4:58
- मिथुन29 अप्रैल, शाम 6:22
- कर्क1 मई, रात 11:23
- सिंह4 मई, सुबह 8:34
- कन्या6 मई, रात 8:45
- तुला9 मई, सुबह 9:43
- वृश्चिक11 मई, रात 9:40
- धनु14 मई, सुबह 7:54
- मकर16 मई, शाम 4:11
- कुम्भ18 मई, रात 10:14
- मीन21 मई, रात 1:47
- मेष23 मई, रात 3:08
- वृषभ25 मई, रात 3:26
- मिथुन27 मई, सुबह 4:34
- कर्क29 मई, सुबह 8:28
- सिंह31 मई, शाम 4:21
- कन्या3 जून, रात 3:47
- तुला5 जून, शाम 4:38
- वृश्चिक8 जून, सुबह 4:30
- धनु10 जून, दोपहर 2:14
- मकर12 जून, रात 9:50
- कुम्भ15 जून, रात 3:39
- मीन17 जून, सुबह 7:50
- मेष19 जून, सुबह 10:31
- वृषभ21 जून, दोपहर 12:14
- मिथुन23 जून, दोपहर 2:11
- कर्क25 जून, शाम 6:01
- सिंह28 जून, रात 1:07
- कन्या30 जून, सुबह 11:42
- तुला3 जुलाई, रात 12:17
- वृश्चिक5 जुलाई, दोपहर 12:19
- धनु7 जुलाई, रात 9:57
- मकर10 जुलाई, सुबह 4:51
- कुम्भ12 जुलाई, सुबह 9:41
- मीन14 जुलाई, दोपहर 1:14
- मेष16 जुलाई, शाम 4:07
- वृषभ18 जुलाई, शाम 6:50
- मिथुन20 जुलाई, रात 10:02
- कर्क23 जुलाई, रात 2:42
- सिंह25 जुलाई, सुबह 9:51
- कन्या27 जुलाई, शाम 7:57
- तुला30 जुलाई, सुबह 8:15
- वृश्चिक1 अगस्त, रात 8:36
- धनु4 अगस्त, सुबह 6:44
- मकर6 अगस्त, दोपहर 1:37
- कुम्भ8 अगस्त, शाम 5:37
- मीन10 अगस्त, शाम 7:55
- मेष12 अगस्त, रात 9:46
- वृषभ15 अगस्त, रात 12:14
- मिथुन17 अगस्त, सुबह 4:03
- कर्क19 अगस्त, सुबह 9:42
- सिंह21 अगस्त, शाम 5:34
- कन्या24 अगस्त, रात 3:47
- तुला26 अगस्त, दोपहर 3:56
- वृश्चिक29 अगस्त, सुबह 4:34
- धनु31 अगस्त, दोपहर 3:37
- मकर2 सितंबर, रात 11:21
- कुम्भ5 सितंबर, रात 3:27
- मीन7 सितंबर, सुबह 4:54
- मेष9 सितंबर, सुबह 5:17
- वृषभ11 सितंबर, सुबह 6:21
- मिथुन13 सितंबर, सुबह 9:29
- कर्क15 सितंबर, दोपहर 3:22
- सिंह17 सितंबर, रात 11:56
- कन्या20 सितंबर, सुबह 10:40
- तुला22 सितंबर, रात 10:52
- वृश्चिक25 सितंबर, सुबह 11:38
- धनु27 सितंबर, रात 11:29
- मकर30 सितंबर, सुबह 8:36
- कुम्भ2 अक्टूबर, दोपहर 1:54
- मीन4 अक्टूबर, दोपहर 3:38
- मेष6 अक्टूबर, दोपहर 3:15
- वृषभ8 अक्टूबर, दोपहर 2:46
- मिथुन10 अक्टूबर, शाम 4:15
- कर्क12 अक्टूबर, रात 9:05
- सिंह15 अक्टूबर, सुबह 5:33
- कन्या17 अक्टूबर, शाम 4:41
- तुला20 अक्टूबर, सुबह 5:07
- वृश्चिक22 अक्टूबर, शाम 5:50
- धनु25 अक्टूबर, सुबह 4:55
- मकर27 अक्टूबर, दोपहर 3:08
- कुम्भ29 अक्टूबर, रात 10:08
- मीन1 नवंबर, रात 1:21
- मेष3 नवंबर, रात 1:31
- वृषभ5 नवंबर, रात 12:28
- मिथुन7 नवंबर, रात 12:28
- कर्क9 नवंबर, रात 3:32
- सिंह11 नवंबर, सुबह 10:46
- कन्या13 नवंबर, रात 9:35
- तुला16 नवंबर, सुबह 10:11
- वृश्चिक18 नवंबर, रात 10:50
- धनु21 नवंबर, सुबह 10:37
- मकर23 नवंबर, रात 8:58
- कुम्भ26 नवंबर, सुबह 5:04
- मीन28 नवंबर, सुबह 10:05
- मेष30 नवंबर, सुबह 11:56
- वृषभ2 दिसंबर, सुबह 11:45
- मिथुन4 दिसंबर, सुबह 11:28
- कर्क6 दिसंबर, दोपहर 1:15
- सिंह8 दिसंबर, शाम 6:49
- कन्या11 दिसंबर, सुबह 4:28
- तुला13 दिसंबर, शाम 4:46
- वृश्चिक16 दिसंबर, सुबह 5:26
- धनु18 दिसंबर, शाम 4:54
- मकर21 दिसंबर, रात 2:38
- कुम्भ23 दिसंबर, सुबह 10:31
- मीन25 दिसंबर, शाम 4:17
- मेष27 दिसंबर, शाम 7:46
- वृषभ29 दिसंबर, रात 9:19
- मिथुन31 दिसंबर, रात 10:09
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 1998: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
