पंचांग · गोचर · चन्द्र
2000 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2000 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय सैन होज़े के स्थानीय समय (America/Los Angeles, PST/PDT) में।
2000 में चन्द्र किन राशियों में है
- वृश्चिक2 जनवरी, रात 1:07
- धनु4 जनवरी, दोपहर 1:55
- मकर7 जनवरी, रात 2:34
- कुम्भ9 जनवरी, दोपहर 2:01
- मीन11 जनवरी, रात 11:23
- मेष14 जनवरी, सुबह 5:51
- वृषभ16 जनवरी, सुबह 9:13
- मिथुन18 जनवरी, सुबह 10:10
- कर्क20 जनवरी, सुबह 10:06
- सिंह22 जनवरी, सुबह 10:51
- कन्या24 जनवरी, दोपहर 2:11
- तुला26 जनवरी, रात 9:15
- वृश्चिक29 जनवरी, सुबह 7:56
- धनु31 जनवरी, रात 8:40
- मकर3 फ़रवरी, सुबह 9:16
- कुम्भ5 फ़रवरी, रात 8:13
- मीन8 फ़रवरी, सुबह 4:56
- मेष10 फ़रवरी, सुबह 11:26
- वृषभ12 फ़रवरी, दोपहर 3:52
- मिथुन14 फ़रवरी, शाम 6:32
- कर्क16 फ़रवरी, रात 8:05
- सिंह18 फ़रवरी, रात 9:36
- कन्या21 फ़रवरी, रात 12:35
- तुला23 फ़रवरी, सुबह 6:28
- वृश्चिक25 फ़रवरी, दोपहर 3:58
- धनु28 फ़रवरी, सुबह 4:15
- मकर1 मार्च, शाम 4:58
- कुम्भ4 मार्च, रात 3:48
- मीन6 मार्च, सुबह 11:46
- मेष8 मार्च, शाम 5:16
- वृषभ10 मार्च, रात 9:13
- मिथुन13 मार्च, रात 12:25
- कर्क15 मार्च, रात 3:18
- सिंह17 मार्च, सुबह 6:17
- कन्या19 मार्च, सुबह 10:07
- तुला21 मार्च, दोपहर 3:55
- वृश्चिक24 मार्च, रात 12:41
- धनु26 मार्च, दोपहर 12:23
- मकर29 मार्च, रात 1:13
- कुम्भ31 मार्च, दोपहर 12:27
- मीन2 अप्रैल, रात 9:21
- मेष5 अप्रैल, रात 1:59
- वृषभ7 अप्रैल, सुबह 4:41
- मिथुन9 अप्रैल, सुबह 6:55
- कर्क11 अप्रैल, सुबह 9:44
- सिंह13 अप्रैल, दोपहर 1:33
- कन्या15 अप्रैल, शाम 6:33
- तुला18 अप्रैल, रात 1:09
- वृश्चिक20 अप्रैल, सुबह 9:59
- धनु22 अप्रैल, रात 9:22
- मकर25 अप्रैल, सुबह 10:15
- कुम्भ27 अप्रैल, रात 10:11
- मीन30 अप्रैल, सुबह 6:48
- मेष2 मई, सुबह 11:30
- वृषभ4 मई, दोपहर 1:22
- मिथुन6 मई, दोपहर 2:11
- कर्क8 मई, दोपहर 3:41
- सिंह10 मई, शाम 6:56
- कन्या13 मई, रात 12:16
- तुला15 मई, सुबह 7:40
- वृश्चिक17 मई, शाम 5:08
- धनु20 मई, सुबह 4:37
- मकर22 मई, शाम 5:30
- कुम्भ25 मई, सुबह 6:00
- मीन27 मई, दोपहर 3:47
- मेष29 मई, रात 9:31
- वृषभ31 मई, रात 11:37
- मिथुन2 जून, रात 11:43
- कर्क4 जून, रात 11:45
- सिंह7 जून, रात 1:27
- कन्या9 जून, सुबह 5:52
- तुला11 जून, दोपहर 1:14
- वृश्चिक13 जून, रात 11:10
- धनु16 जून, सुबह 11:01
- मकर18 जून, रात 11:56
- कुम्भ21 जून, दोपहर 12:37
- मीन23 जून, रात 11:18
- मेष26 जून, सुबह 6:30
- वृषभ28 जून, सुबह 9:52
- मिथुन30 जून, सुबह 10:25
- कर्क2 जुलाई, सुबह 9:52
- सिंह4 जुलाई, सुबह 10:10
- कन्या6 जुलाई, दोपहर 12:57
- तुला8 जुलाई, शाम 7:15
- वृश्चिक11 जुलाई, सुबह 4:56
- धनु13 जुलाई, शाम 5:00
- मकर16 जुलाई, सुबह 5:58
- कुम्भ18 जुलाई, शाम 6:30
- मीन21 जुलाई, सुबह 5:24
- मेष23 जुलाई, दोपहर 1:37
- वृषभ25 जुलाई, शाम 6:34
- मिथुन27 जुलाई, रात 8:33
- कर्क29 जुलाई, रात 8:38
- सिंह31 जुलाई, रात 8:30
- कन्या2 अगस्त, रात 10:01
- तुला5 अगस्त, रात 2:47
- वृश्चिक7 अगस्त, सुबह 11:28
- धनु9 अगस्त, रात 11:16
- मकर12 अगस्त, दोपहर 12:16
- कुम्भ15 अगस्त, रात 12:33
- मीन17 अगस्त, सुबह 11:01
- मेष19 अगस्त, शाम 7:17
- वृषभ22 अगस्त, रात 1:10
- मिथुन24 अगस्त, सुबह 4:42
- कर्क26 अगस्त, सुबह 6:17
- सिंह28 अगस्त, सुबह 6:56
- कन्या30 अगस्त, सुबह 8:13
- तुला1 सितंबर, सुबह 11:54
- वृश्चिक3 सितंबर, शाम 7:18
- धनु6 सितंबर, सुबह 6:23
- मकर8 सितंबर, शाम 7:17
- कुम्भ11 सितंबर, सुबह 7:30
- मीन13 सितंबर, शाम 5:27
- मेष16 सितंबर, रात 12:59
- वृषभ18 सितंबर, सुबह 6:35
- मिथुन20 सितंबर, सुबह 10:44
- कर्क22 सितंबर, दोपहर 1:41
- सिंह24 सितंबर, दोपहर 3:48
- कन्या26 सितंबर, शाम 5:58
- तुला28 सितंबर, रात 9:36
- वृश्चिक1 अक्टूबर, सुबह 4:12
- धनु3 अक्टूबर, दोपहर 2:25
- मकर6 अक्टूबर, रात 3:04
- कुम्भ8 अक्टूबर, दोपहर 3:30
- मीन11 अक्टूबर, रात 1:24
- मेष13 अक्टूबर, सुबह 8:12
- वृषभ15 अक्टूबर, दोपहर 12:44
- मिथुन17 अक्टूबर, शाम 4:09
- कर्क19 अक्टूबर, शाम 7:15
- सिंह21 अक्टूबर, रात 10:23
- कन्या24 अक्टूबर, रात 1:52
- तुला26 अक्टूबर, सुबह 6:24
- वृश्चिक28 अक्टूबर, दोपहर 1:07
- धनु30 अक्टूबर, रात 9:51
- मकर2 नवंबर, सुबह 10:11
- कुम्भ4 नवंबर, रात 10:58
- मीन7 नवंबर, सुबह 9:30
- मेष9 नवंबर, शाम 4:23
- वृषभ11 नवंबर, रात 8:08
- मिथुन13 नवंबर, रात 10:10
- कर्क16 नवंबर, रात 12:02
- सिंह18 नवंबर, रात 2:43
- कन्या20 नवंबर, सुबह 6:45
- तुला22 नवंबर, दोपहर 12:21
- वृश्चिक24 नवंबर, शाम 7:54
- धनु27 नवंबर, सुबह 5:48
- मकर29 नवंबर, शाम 5:57
- कुम्भ2 दिसंबर, सुबह 7:00
- मीन4 दिसंबर, शाम 6:31
- मेष7 दिसंबर, रात 2:29
- वृषभ9 दिसंबर, सुबह 6:35
- मिथुन11 दिसंबर, सुबह 7:54
- कर्क13 दिसंबर, सुबह 8:13
- सिंह15 दिसंबर, सुबह 9:15
- कन्या17 दिसंबर, दोपहर 12:16
- तुला19 दिसंबर, शाम 5:53
- वृश्चिक22 दिसंबर, रात 2:09
- धनु24 दिसंबर, दोपहर 12:41
- मकर27 दिसंबर, रात 12:57
- कुम्भ29 दिसंबर, दोपहर 2:00
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2000: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
