पंचांग · गोचर · चन्द्र
2005 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2005 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय ह्यूस्टन के स्थानीय समय (America/Chicago, CST/CDT) में।
2005 में चन्द्र किन राशियों में है
- कन्या1 जनवरी, रात 10:37
- तुला4 जनवरी, सुबह 7:01
- वृश्चिक6 जनवरी, सुबह 11:33
- धनु8 जनवरी, दोपहर 12:33
- मकर10 जनवरी, सुबह 11:37
- कुम्भ12 जनवरी, सुबह 10:59
- मीन14 जनवरी, दोपहर 12:53
- मेष16 जनवरी, शाम 6:42
- वृषभ19 जनवरी, सुबह 4:22
- मिथुन21 जनवरी, शाम 4:24
- कर्क24 जनवरी, सुबह 5:05
- सिंह26 जनवरी, शाम 5:18
- कन्या29 जनवरी, सुबह 4:26
- तुला31 जनवरी, दोपहर 1:36
- वृश्चिक2 फ़रवरी, शाम 7:47
- धनु4 फ़रवरी, रात 10:36
- मकर6 फ़रवरी, रात 10:50
- कुम्भ8 फ़रवरी, रात 10:16
- मीन10 फ़रवरी, रात 11:06
- मेष13 फ़रवरी, रात 3:14
- वृषभ15 फ़रवरी, सुबह 11:27
- मिथुन17 फ़रवरी, रात 10:56
- कर्क20 फ़रवरी, सुबह 11:38
- सिंह22 फ़रवरी, रात 11:44
- कन्या25 फ़रवरी, सुबह 10:19
- तुला27 फ़रवरी, शाम 7:05
- वृश्चिक2 मार्च, रात 1:43
- धनु4 मार्च, सुबह 5:54
- मकर6 मार्च, सुबह 7:53
- कुम्भ8 मार्च, सुबह 8:40
- मीन10 मार्च, सुबह 9:52
- मेष12 मार्च, दोपहर 1:16
- वृषभ14 मार्च, रात 8:09
- मिथुन17 मार्च, सुबह 6:35
- कर्क19 मार्च, शाम 7:00
- सिंह22 मार्च, सुबह 7:11
- कन्या24 मार्च, शाम 5:28
- तुला27 मार्च, रात 1:25
- वृश्चिक29 मार्च, सुबह 7:15
- धनु31 मार्च, सुबह 11:24
- मकर2 अप्रैल, दोपहर 2:18
- कुम्भ4 अप्रैल, शाम 5:34
- मीन6 अप्रैल, रात 8:06
- मेष9 अप्रैल, रात 12:02
- वृषभ11 अप्रैल, सुबह 6:30
- मिथुन13 अप्रैल, शाम 4:03
- कर्क16 अप्रैल, सुबह 4:01
- सिंह18 अप्रैल, शाम 4:23
- कन्या21 अप्रैल, रात 2:56
- तुला23 अप्रैल, सुबह 10:31
- वृश्चिक25 अप्रैल, दोपहर 3:19
- धनु27 अप्रैल, शाम 6:19
- मकर29 अप्रैल, रात 8:41
- कुम्भ1 मई, रात 11:21
- मीन4 मई, रात 2:59
- मेष6 मई, सुबह 8:03
- वृषभ8 मई, दोपहर 3:03
- मिथुन11 मई, रात 12:26
- कर्क13 मई, दोपहर 12:02
- सिंह16 मई, रात 12:35
- कन्या18 मई, सुबह 11:51
- तुला20 मई, शाम 7:55
- वृश्चिक23 मई, रात 12:22
- धनु25 मई, रात 2:15
- मकर27 मई, रात 3:12
- कुम्भ29 मई, सुबह 4:53
- मीन31 मई, सुबह 8:25
- मेष2 जून, दोपहर 2:11
- वृषभ4 जून, रात 10:02
- मिथुन7 जून, सुबह 7:50
- कर्क9 जून, शाम 7:25
- सिंह12 जून, सुबह 8:05
- कन्या14 जून, रात 8:06
- तुला17 जून, सुबह 5:18
- वृश्चिक19 जून, सुबह 10:27
- धनु21 जून, दोपहर 12:06
- मकर23 जून, सुबह 11:57
- कुम्भ25 जून, दोपहर 12:05
- मीन27 जून, दोपहर 2:19
- मेष29 जून, शाम 7:35
- वृषभ2 जुलाई, रात 3:46
- मिथुन4 जुलाई, दोपहर 2:07
- कर्क7 जुलाई, रात 1:56
- सिंह9 जुलाई, दोपहर 2:39
- कन्या12 जुलाई, रात 3:06
- तुला14 जुलाई, दोपहर 1:27
- वृश्चिक16 जुलाई, रात 8:03
- धनु18 जुलाई, रात 10:36
- मकर20 जुलाई, रात 10:23
- कुम्भ22 जुलाई, रात 9:32
- मीन24 जुलाई, रात 10:11
- मेष27 जुलाई, रात 1:58
- वृषभ29 जुलाई, सुबह 9:25
- मिथुन31 जुलाई, शाम 7:48
- कर्क3 अगस्त, सुबह 7:54
- सिंह5 अगस्त, रात 8:36
- कन्या8 अगस्त, सुबह 9:03
- तुला10 अगस्त, शाम 7:58
- वृश्चिक13 अगस्त, रात 3:55
- धनु15 अगस्त, सुबह 8:05
- मकर17 अगस्त, सुबह 9:00
- कुम्भ19 अगस्त, सुबह 8:18
- मीन21 अगस्त, सुबह 8:06
- मेष23 अगस्त, सुबह 10:21
- वृषभ25 अगस्त, शाम 4:19
- मिथुन28 अगस्त, रात 1:56
- कर्क30 अगस्त, दोपहर 1:57
- सिंह2 सितंबर, रात 2:41
- कन्या4 सितंबर, दोपहर 2:50
- तुला7 सितंबर, रात 1:32
- वृश्चिक9 सितंबर, सुबह 9:58
- धनु11 सितंबर, दोपहर 3:29
- मकर13 सितंबर, शाम 6:05
- कुम्भ15 सितंबर, शाम 6:41
- मीन17 सितंबर, शाम 6:51
- मेष19 सितंबर, रात 8:26
- वृषभ22 सितंबर, रात 1:01
- मिथुन24 सितंबर, सुबह 9:21
- कर्क26 सितंबर, रात 8:47
- सिंह29 सितंबर, सुबह 9:29
- कन्या1 अक्टूबर, रात 9:28
- तुला4 अक्टूबर, सुबह 7:34
- वृश्चिक6 अक्टूबर, दोपहर 3:26
- धनु8 अक्टूबर, रात 9:07
- मकर11 अक्टूबर, रात 12:50
- कुम्भ13 अक्टूबर, रात 3:02
- मीन15 अक्टूबर, सुबह 4:36
- मेष17 अक्टूबर, सुबह 6:44
- वृषभ19 अक्टूबर, सुबह 10:50
- मिथुन21 अक्टूबर, शाम 6:05
- कर्क24 अक्टूबर, सुबह 4:39
- सिंह26 अक्टूबर, शाम 5:12
- कन्या29 अक्टूबर, सुबह 5:20
- तुला31 अक्टूबर, दोपहर 2:08
- वृश्चिक2 नवंबर, रात 9:06
- धनु5 नवंबर, रात 1:48
- मकर7 नवंबर, सुबह 5:12
- कुम्भ9 नवंबर, सुबह 8:05
- मीन11 नवंबर, सुबह 11:01
- मेष13 नवंबर, दोपहर 2:30
- वृषभ15 नवंबर, शाम 7:15
- मिथुन18 नवंबर, रात 2:14
- कर्क20 नवंबर, दोपहर 12:07
- सिंह23 नवंबर, रात 12:23
- कन्या25 नवंबर, दोपहर 12:55
- तुला27 नवंबर, रात 11:11
- वृश्चिक30 नवंबर, सुबह 5:53
- धनु2 दिसंबर, सुबह 9:30
- मकर4 दिसंबर, सुबह 11:32
- कुम्भ6 दिसंबर, दोपहर 1:31
- मीन8 दिसंबर, शाम 4:33
- मेष10 दिसंबर, रात 8:59
- वृषभ13 दिसंबर, रात 2:53
- मिथुन15 दिसंबर, सुबह 10:31
- कर्क17 दिसंबर, रात 8:19
- सिंह20 दिसंबर, सुबह 8:20
- कन्या22 दिसंबर, रात 9:14
- तुला25 दिसंबर, सुबह 8:30
- वृश्चिक27 दिसंबर, शाम 4:01
- धनु29 दिसंबर, शाम 7:32
- मकर31 दिसंबर, रात 8:29
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2005: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
