पंचांग · गोचर · चन्द्र
2019 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2019 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय सैन होज़े के स्थानीय समय (America/Los Angeles, PST/PDT) में।
2019 में चन्द्र किन राशियों में है
- वृश्चिक1 जनवरी, दोपहर 1:52
- धनु3 जनवरी, रात 11:23
- मकर6 जनवरी, सुबह 10:54
- कुम्भ8 जनवरी, रात 11:44
- मीन11 जनवरी, दोपहर 12:32
- मेष13 जनवरी, रात 11:22
- वृषभ16 जनवरी, सुबह 6:38
- मिथुन18 जनवरी, सुबह 10:02
- कर्क20 जनवरी, सुबह 10:34
- सिंह22 जनवरी, सुबह 10:01
- कन्या24 जनवरी, सुबह 10:19
- तुला26 जनवरी, दोपहर 1:08
- वृश्चिक28 जनवरी, शाम 7:28
- धनु31 जनवरी, सुबह 5:09
- मकर2 फ़रवरी, शाम 5:08
- कुम्भ5 फ़रवरी, सुबह 6:04
- मीन7 फ़रवरी, शाम 6:47
- मेष10 फ़रवरी, सुबह 6:06
- वृषभ12 फ़रवरी, दोपहर 2:48
- मिथुन14 फ़रवरी, रात 8:01
- कर्क16 फ़रवरी, रात 9:53
- सिंह18 फ़रवरी, रात 9:32
- कन्या20 फ़रवरी, रात 8:52
- तुला22 फ़रवरी, रात 9:56
- वृश्चिक25 फ़रवरी, रात 2:31
- धनु27 फ़रवरी, सुबह 11:15
- मकर1 मार्च, रात 11:09
- कुम्भ4 मार्च, दोपहर 12:14
- मीन7 मार्च, रात 12:45
- मेष9 मार्च, सुबह 11:48
- वृषभ11 मार्च, रात 9:53
- मिथुन14 मार्च, सुबह 4:27
- कर्क16 मार्च, सुबह 8:08
- सिंह18 मार्च, सुबह 9:16
- कन्या20 मार्च, सुबह 9:05
- तुला22 मार्च, सुबह 9:31
- वृश्चिक24 मार्च, दोपहर 12:37
- धनु26 मार्च, शाम 7:48
- मकर29 मार्च, सुबह 6:53
- कुम्भ31 मार्च, शाम 7:51
- मीन3 अप्रैल, सुबह 8:17
- मेष5 अप्रैल, शाम 6:52
- वृषभ8 अप्रैल, रात 3:24
- मिथुन10 अप्रैल, सुबह 10:02
- कर्क12 अप्रैल, दोपहर 2:44
- सिंह14 अप्रैल, शाम 5:29
- कन्या16 अप्रैल, शाम 6:46
- तुला18 अप्रैल, शाम 7:54
- वृश्चिक20 अप्रैल, रात 10:41
- धनु23 अप्रैल, सुबह 4:46
- मकर25 अप्रैल, दोपहर 2:43
- कुम्भ28 अप्रैल, रात 3:15
- मीन30 अप्रैल, दोपहर 3:45
- मेष3 मई, रात 2:10
- वृषभ5 मई, सुबह 9:59
- मिथुन7 मई, दोपहर 3:45
- कर्क9 मई, रात 8:06
- सिंह11 मई, रात 11:24
- कन्या14 मई, रात 1:58
- तुला16 मई, सुबह 4:27
- वृश्चिक18 मई, सुबह 8:00
- धनु20 मई, दोपहर 1:59
- मकर22 मई, रात 11:14
- कुम्भ25 मई, सुबह 11:13
- मीन27 मई, रात 11:48
- मेष30 मई, सुबह 10:33
- वृषभ1 जून, शाम 6:14
- मिथुन3 जून, रात 11:09
- कर्क6 जून, रात 2:20
- सिंह8 जून, सुबह 4:51
- कन्या10 जून, सुबह 7:30
- तुला12 जून, सुबह 10:51
- वृश्चिक14 जून, दोपहर 3:31
- धनु16 जून, रात 10:13
- मकर19 जून, सुबह 7:29
- कुम्भ21 जून, शाम 7:09
- मीन24 जून, सुबह 7:49
- मेष26 जून, शाम 7:13
- वृषभ29 जून, रात 3:32
- मिथुन1 जुलाई, सुबह 8:23
- कर्क3 जुलाई, सुबह 10:39
- सिंह5 जुलाई, सुबह 11:47
- कन्या7 जुलाई, दोपहर 1:16
- तुला9 जुलाई, शाम 4:15
- वृश्चिक11 जुलाई, रात 9:23
- धनु14 जुलाई, सुबह 4:55
- मकर16 जुलाई, दोपहर 2:44
- कुम्भ19 जुलाई, रात 2:28
- मीन21 जुलाई, दोपहर 3:10
- मेष24 जुलाई, रात 3:11
- वृषभ26 जुलाई, दोपहर 12:39
- मिथुन28 जुलाई, शाम 6:25
- कर्क30 जुलाई, रात 8:44
- सिंह1 अगस्त, रात 8:59
- कन्या3 अगस्त, रात 8:58
- तुला5 अगस्त, रात 10:30
- वृश्चिक8 अगस्त, रात 2:55
- धनु10 अगस्त, सुबह 10:35
- मकर12 अगस्त, रात 8:56
- कुम्भ15 अगस्त, सुबह 8:57
- मीन17 अगस्त, रात 9:40
- मेष20 अगस्त, सुबह 9:58
- वृषभ22 अगस्त, रात 8:27
- मिथुन25 अगस्त, रात 3:43
- कर्क27 अगस्त, सुबह 7:12
- सिंह29 अगस्त, सुबह 7:40
- कन्या31 अगस्त, सुबह 6:52
- तुला2 सितंबर, सुबह 6:54
- वृश्चिक4 सितंबर, सुबह 9:44
- धनु6 सितंबर, शाम 4:27
- मकर9 सितंबर, रात 2:42
- कुम्भ11 सितंबर, दोपहर 2:58
- मीन14 सितंबर, रात 3:41
- मेष16 सितंबर, दोपहर 3:52
- वृषभ19 सितंबर, रात 2:41
- मिथुन21 सितंबर, सुबह 11:08
- कर्क23 सितंबर, शाम 4:19
- सिंह25 सितंबर, शाम 6:10
- कन्या27 सितंबर, शाम 5:49
- तुला29 सितंबर, शाम 5:14
- वृश्चिक1 अक्टूबर, शाम 6:40
- धनु3 अक्टूबर, रात 11:49
- मकर6 अक्टूबर, सुबह 9:05
- कुम्भ8 अक्टूबर, रात 9:11
- मीन11 अक्टूबर, सुबह 9:56
- मेष13 अक्टूबर, रात 9:50
- वृषभ16 अक्टूबर, सुबह 8:15
- मिथुन18 अक्टूबर, शाम 4:53
- कर्क20 अक्टूबर, रात 11:10
- सिंह23 अक्टूबर, रात 2:42
- कन्या25 अक्टूबर, रात 3:53
- तुला27 अक्टूबर, सुबह 4:01
- वृश्चिक29 अक्टूबर, सुबह 5:05
- धनु31 अक्टूबर, सुबह 9:01
- मकर2 नवंबर, शाम 4:55
- कुम्भ5 नवंबर, रात 3:17
- मीन7 नवंबर, दोपहर 3:59
- मेष10 नवंबर, रात 3:48
- वृषभ12 नवंबर, दोपहर 1:40
- मिथुन14 नवंबर, रात 9:32
- कर्क17 नवंबर, रात 3:34
- सिंह19 नवंबर, सुबह 7:52
- कन्या21 नवंबर, सुबह 10:33
- तुला23 नवंबर, दोपहर 12:15
- वृश्चिक25 नवंबर, दोपहर 2:14
- धनु27 नवंबर, शाम 6:03
- मकर30 नवंबर, रात 1:02
- कुम्भ2 दिसंबर, सुबह 11:26
- मीन4 दिसंबर, रात 11:53
- मेष7 दिसंबर, सुबह 11:57
- वृषभ9 दिसंबर, रात 9:47
- मिथुन12 दिसंबर, सुबह 4:53
- कर्क14 दिसंबर, सुबह 9:46
- सिंह16 दिसंबर, दोपहर 1:17
- कन्या18 दिसंबर, शाम 4:08
- तुला20 दिसंबर, शाम 6:58
- वृश्चिक22 दिसंबर, रात 10:22
- धनु25 दिसंबर, रात 3:11
- मकर27 दिसंबर, सुबह 10:15
- कुम्भ29 दिसंबर, रात 8:04
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2019: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
