पंचांग · गोचर · चन्द्र
2038 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2038 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय ऑकलैंड के स्थानीय समय (Pacific/Auckland, NZDT/NZST) में।
2038 में चन्द्र किन राशियों में है
- वृश्चिक2 जनवरी, सुबह 9:26
- धनु4 जनवरी, दोपहर 1:23
- मकर6 जनवरी, शाम 7:14
- कुम्भ9 जनवरी, रात 3:45
- मीन11 जनवरी, दोपहर 2:57
- मेष14 जनवरी, रात 3:31
- वृषभ16 जनवरी, दोपहर 3:07
- मिथुन18 जनवरी, रात 11:52
- कर्क21 जनवरी, सुबह 5:16
- सिंह23 जनवरी, सुबह 8:08
- कन्या25 जनवरी, सुबह 9:52
- तुला27 जनवरी, सुबह 11:51
- वृश्चिक29 जनवरी, दोपहर 3:05
- धनु31 जनवरी, रात 8:04
- मकर3 फ़रवरी, रात 2:59
- कुम्भ5 फ़रवरी, सुबह 11:57
- मीन7 फ़रवरी, रात 10:58
- मेष10 फ़रवरी, सुबह 11:27
- वृषभ12 फ़रवरी, रात 11:44
- मिथुन15 फ़रवरी, सुबह 9:36
- कर्क17 फ़रवरी, दोपहर 3:41
- सिंह19 फ़रवरी, शाम 6:11
- कन्या21 फ़रवरी, शाम 6:37
- तुला23 फ़रवरी, शाम 6:53
- वृश्चिक25 फ़रवरी, रात 8:49
- धनु28 फ़रवरी, रात 1:28
- मकर2 मार्च, सुबह 8:57
- कुम्भ4 मार्च, शाम 6:40
- मीन7 मार्च, सुबह 6:01
- मेष9 मार्च, शाम 6:28
- वृषभ12 मार्च, सुबह 7:04
- मिथुन14 मार्च, शाम 6:05
- कर्क17 मार्च, रात 1:40
- सिंह19 मार्च, सुबह 5:08
- कन्या21 मार्च, सुबह 5:26
- तुला23 मार्च, सुबह 4:33
- वृश्चिक25 मार्च, सुबह 4:43
- धनु27 मार्च, सुबह 7:46
- मकर29 मार्च, दोपहर 2:30
- कुम्भ1 अप्रैल, रात 12:22
- मीन3 अप्रैल, दोपहर 12:07
- मेष5 अप्रैल, रात 11:41
- वृषभ8 अप्रैल, दोपहर 12:15
- मिथुन10 अप्रैल, रात 11:47
- कर्क13 अप्रैल, सुबह 8:43
- सिंह15 अप्रैल, दोपहर 1:52
- कन्या17 अप्रैल, दोपहर 3:21
- तुला19 अप्रैल, दोपहर 2:38
- वृश्चिक21 अप्रैल, दोपहर 1:54
- धनु23 अप्रैल, दोपहर 3:18
- मकर25 अप्रैल, रात 8:23
- कुम्भ28 अप्रैल, सुबह 5:21
- मीन30 अप्रैल, शाम 5:02
- मेष3 मई, सुबह 5:42
- वृषभ5 मई, शाम 6:07
- मिथुन8 मई, सुबह 5:27
- कर्क10 मई, दोपहर 2:49
- सिंह12 मई, रात 9:17
- कन्या15 मई, रात 12:28
- तुला17 मई, रात 1:04
- वृश्चिक19 मई, रात 12:45
- धनु21 मई, रात 1:31
- मकर23 मई, सुबह 5:11
- कुम्भ25 मई, दोपहर 12:42
- मीन27 मई, रात 11:37
- मेष30 मई, दोपहर 12:11
- वृषभ2 जून, रात 12:31
- मिथुन4 जून, सुबह 11:24
- कर्क6 जून, रात 8:18
- सिंह9 जून, रात 2:57
- कन्या11 जून, सुबह 7:12
- तुला13 जून, सुबह 9:23
- वृश्चिक15 जून, सुबह 10:25
- धनु17 जून, सुबह 11:45
- मकर19 जून, दोपहर 3:00
- कुम्भ21 जून, रात 9:25
- मीन24 जून, सुबह 7:17
- मेष26 जून, शाम 7:29
- वृषभ29 जून, सुबह 7:50
- मिथुन1 जुलाई, शाम 6:30
- कर्क4 जुलाई, रात 2:42
- सिंह6 जुलाई, सुबह 8:34
- कन्या8 जुलाई, दोपहर 12:38
- तुला10 जुलाई, दोपहर 3:31
- वृश्चिक12 जुलाई, शाम 5:52
- धनु14 जुलाई, रात 8:30
- मकर17 जुलाई, रात 12:22
- कुम्भ19 जुलाई, सुबह 6:32
- मीन21 जुलाई, दोपहर 3:41
- मेष24 जुलाई, रात 3:23
- वृषभ26 जुलाई, दोपहर 3:53
- मिथुन29 जुलाई, रात 2:49
- कर्क31 जुलाई, सुबह 10:44
- सिंह2 अगस्त, दोपहर 3:40
- कन्या4 अगस्त, शाम 6:37
- तुला6 अगस्त, रात 8:54
- वृश्चिक8 अगस्त, रात 11:33
- धनु11 अगस्त, रात 3:10
- मकर13 अगस्त, सुबह 8:09
- कुम्भ15 अगस्त, दोपहर 2:54
- मीन17 अगस्त, रात 11:57
- मेष20 अगस्त, सुबह 11:20
- वृषभ22 अगस्त, रात 11:58
- मिथुन25 अगस्त, सुबह 11:35
- कर्क27 अगस्त, रात 8:02
- सिंह30 अगस्त, रात 12:43
- कन्या1 सितंबर, रात 2:38
- तुला3 सितंबर, रात 3:32
- वृश्चिक5 सितंबर, सुबह 5:09
- धनु7 सितंबर, सुबह 8:36
- मकर9 सितंबर, दोपहर 2:12
- कुम्भ11 सितंबर, रात 9:49
- मीन14 सितंबर, सुबह 7:20
- मेष16 सितंबर, शाम 6:43
- वृषभ19 सितंबर, सुबह 7:26
- मिथुन21 सितंबर, शाम 7:46
- कर्क24 सितंबर, सुबह 5:24
- सिंह26 सितंबर, सुबह 11:54
- कन्या28 सितंबर, दोपहर 1:43
- तुला30 सितंबर, दोपहर 1:34
- वृश्चिक2 अक्टूबर, दोपहर 1:37
- धनु4 अक्टूबर, दोपहर 3:39
- मकर6 अक्टूबर, रात 8:40
- कुम्भ9 अक्टूबर, सुबह 4:33
- मीन11 अक्टूबर, दोपहर 2:38
- मेष14 अक्टूबर, रात 2:18
- वृषभ16 अक्टूबर, दोपहर 3:00
- मिथुन19 अक्टूबर, रात 3:41
- कर्क21 अक्टूबर, दोपहर 2:28
- सिंह23 अक्टूबर, रात 9:33
- कन्या26 अक्टूबर, रात 12:30
- तुला28 अक्टूबर, रात 12:30
- वृश्चिक29 अक्टूबर, रात 11:37
- धनु1 नवंबर, रात 12:01
- मकर3 नवंबर, रात 3:22
- कुम्भ5 नवंबर, सुबह 10:21
- मीन7 नवंबर, रात 8:25
- मेष10 नवंबर, सुबह 8:23
- वृषभ12 नवंबर, रात 9:07
- मिथुन15 नवंबर, सुबह 9:39
- कर्क17 नवंबर, रात 8:49
- सिंह20 नवंबर, सुबह 5:13
- कन्या22 नवंबर, सुबह 9:58
- तुला24 नवंबर, सुबह 11:25
- वृश्चिक26 नवंबर, सुबह 11:00
- धनु28 नवंबर, सुबह 10:41
- मकर30 नवंबर, दोपहर 12:28
- कुम्भ2 दिसंबर, शाम 5:45
- मीन5 दिसंबर, रात 2:50
- मेष7 दिसंबर, दोपहर 2:40
- वृषभ10 दिसंबर, रात 3:29
- मिथुन12 दिसंबर, दोपहर 3:44
- कर्क15 दिसंबर, रात 2:27
- सिंह17 दिसंबर, सुबह 11:01
- कन्या19 दिसंबर, शाम 4:57
- तुला21 दिसंबर, रात 8:13
- वृश्चिक23 दिसंबर, रात 9:25
- धनु25 दिसंबर, रात 9:52
- मकर27 दिसंबर, रात 11:14
- कुम्भ30 दिसंबर, रात 3:11
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2038: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
