पंचांग · गोचर · चन्द्र
2040 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2040 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय ऑकलैंड के स्थानीय समय (Pacific/Auckland, NZDT/NZST) में।
2040 में चन्द्र किन राशियों में है
- कर्क1 जनवरी, सुबह 9:29
- सिंह3 जनवरी, रात 9:13
- कन्या6 जनवरी, सुबह 6:56
- तुला8 जनवरी, दोपहर 1:48
- वृश्चिक10 जनवरी, शाम 5:25
- धनु12 जनवरी, शाम 6:16
- मकर14 जनवरी, शाम 5:46
- कुम्भ16 जनवरी, शाम 5:53
- मीन18 जनवरी, रात 8:39
- मेष21 जनवरी, रात 3:27
- वृषभ23 जनवरी, दोपहर 2:11
- मिथुन26 जनवरी, रात 3:04
- कर्क28 जनवरी, दोपहर 3:51
- सिंह31 जनवरी, रात 3:07
- कन्या2 फ़रवरी, दोपहर 12:29
- तुला4 फ़रवरी, शाम 7:50
- वृश्चिक7 फ़रवरी, रात 12:54
- धनु9 फ़रवरी, रात 3:35
- मकर11 फ़रवरी, सुबह 4:28
- कुम्भ13 फ़रवरी, सुबह 4:56
- मीन15 फ़रवरी, सुबह 6:56
- मेष17 फ़रवरी, दोपहर 12:17
- वृषभ19 फ़रवरी, रात 9:46
- मिथुन22 फ़रवरी, सुबह 10:12
- कर्क24 फ़रवरी, रात 11:02
- सिंह27 फ़रवरी, सुबह 10:05
- कन्या29 फ़रवरी, शाम 6:43
- तुला3 मार्च, रात 1:20
- वृश्चिक5 मार्च, सुबह 6:25
- धनु7 मार्च, सुबह 10:07
- मकर9 मार्च, दोपहर 12:34
- कुम्भ11 मार्च, दोपहर 2:27
- मीन13 मार्च, शाम 5:02
- मेष15 मार्च, रात 9:58
- वृषभ18 मार्च, सुबह 6:27
- मिथुन20 मार्च, शाम 6:09
- कर्क23 मार्च, सुबह 6:59
- सिंह25 मार्च, शाम 6:15
- कन्या28 मार्च, रात 2:37
- तुला30 मार्च, सुबह 8:18
- वृश्चिक1 अप्रैल, सुबह 11:17
- धनु3 अप्रैल, दोपहर 2:27
- मकर5 अप्रैल, शाम 5:22
- कुम्भ7 अप्रैल, रात 8:26
- मीन10 अप्रैल, रात 12:16
- मेष12 अप्रैल, सुबह 5:53
- वृषभ14 अप्रैल, दोपहर 2:12
- मिथुन17 अप्रैल, रात 1:23
- कर्क19 अप्रैल, दोपहर 2:07
- सिंह22 अप्रैल, रात 1:56
- कन्या24 अप्रैल, सुबह 10:47
- तुला26 अप्रैल, शाम 4:15
- वृश्चिक28 अप्रैल, शाम 7:12
- धनु30 अप्रैल, रात 8:59
- मकर2 मई, रात 10:55
- कुम्भ5 मई, रात 1:52
- मीन7 मई, सुबह 6:27
- मेष9 मई, दोपहर 1:03
- वृषभ11 मई, रात 9:56
- मिथुन14 मई, सुबह 9:07
- कर्क16 मई, रात 9:47
- सिंह19 मई, सुबह 10:07
- कन्या21 मई, रात 8:00
- तुला24 मई, रात 2:13
- वृश्चिक26 मई, सुबह 5:03
- धनु28 मई, सुबह 5:49
- मकर30 मई, सुबह 6:12
- कुम्भ1 जून, सुबह 7:49
- मीन3 जून, सुबह 11:52
- मेष5 जून, शाम 6:47
- वृषभ8 जून, सुबह 4:21
- मिथुन10 जून, दोपहर 3:54
- कर्क13 जून, सुबह 4:35
- सिंह15 जून, शाम 5:11
- कन्या18 जून, सुबह 4:03
- तुला20 जून, सुबह 11:40
- वृश्चिक22 जून, दोपहर 3:30
- धनु24 जून, शाम 4:18
- मकर26 जून, दोपहर 3:44
- कुम्भ28 जून, दोपहर 3:47
- मीन30 जून, शाम 6:19
- मेष3 जुलाई, रात 12:25
- वृषभ5 जुलाई, सुबह 10:01
- मिथुन7 जुलाई, रात 9:55
- कर्क10 जुलाई, सुबह 10:43
- सिंह12 जुलाई, रात 11:17
- कन्या15 जुलाई, सुबह 10:35
- तुला17 जुलाई, शाम 7:26
- वृश्चिक20 जुलाई, रात 12:52
- धनु22 जुलाई, रात 2:51
- मकर24 जुलाई, रात 2:30
- कुम्भ26 जुलाई, रात 1:45
- मीन28 जुलाई, रात 2:47
- मेष30 जुलाई, सुबह 7:21
- वृषभ1 अगस्त, शाम 4:03
- मिथुन4 अगस्त, रात 3:49
- कर्क6 अगस्त, शाम 4:42
- सिंह9 अगस्त, सुबह 5:06
- कन्या11 अगस्त, शाम 4:13
- तुला14 अगस्त, रात 1:28
- वृश्चिक16 अगस्त, सुबह 8:10
- धनु18 अगस्त, सुबह 11:48
- मकर20 अगस्त, दोपहर 12:46
- कुम्भ22 अगस्त, दोपहर 12:27
- मीन24 अगस्त, दोपहर 12:52
- मेष26 अगस्त, शाम 4:06
- वृषभ28 अगस्त, रात 11:25
- मिथुन31 अगस्त, सुबह 10:27
- कर्क2 सितंबर, रात 11:12
- सिंह5 सितंबर, सुबह 11:30
- कन्या7 सितंबर, रात 10:09
- तुला10 सितंबर, सुबह 6:55
- वृश्चिक12 सितंबर, दोपहर 1:47
- धनु14 सितंबर, शाम 6:30
- मकर16 सितंबर, रात 9:03
- कुम्भ18 सितंबर, रात 10:07
- मीन20 सितंबर, रात 11:09
- मेष23 सितंबर, रात 2:01
- वृषभ25 सितंबर, सुबह 8:13
- मिथुन27 सितंबर, शाम 6:12
- कर्क30 सितंबर, सुबह 7:35
- सिंह2 अक्टूबर, शाम 7:56
- कन्या5 अक्टूबर, सुबह 6:23
- तुला7 अक्टूबर, दोपहर 2:25
- वृश्चिक9 अक्टूबर, रात 8:25
- धनु12 अक्टूबर, रात 12:52
- मकर14 अक्टूबर, सुबह 4:06
- कुम्भ16 अक्टूबर, सुबह 6:33
- मीन18 अक्टूबर, सुबह 8:59
- मेष20 अक्टूबर, दोपहर 12:34
- वृषभ22 अक्टूबर, शाम 6:36
- मिथुन25 अक्टूबर, रात 3:48
- कर्क27 अक्टूबर, दोपहर 3:39
- सिंह30 अक्टूबर, सुबह 4:10
- कन्या1 नवंबर, दोपहर 3:00
- तुला3 नवंबर, रात 10:51
- वृश्चिक6 नवंबर, रात 3:54
- धनु8 नवंबर, सुबह 7:05
- मकर10 नवंबर, सुबह 9:32
- कुम्भ12 नवंबर, दोपहर 12:08
- मीन14 नवंबर, दोपहर 3:35
- मेष16 नवंबर, रात 8:25
- वृषभ19 नवंबर, रात 3:11
- मिथुन21 नवंबर, दोपहर 12:20
- कर्क23 नवंबर, रात 11:48
- सिंह26 नवंबर, दोपहर 12:25
- कन्या29 नवंबर, रात 12:02
- तुला1 दिसंबर, सुबह 8:39
- वृश्चिक3 दिसंबर, दोपहर 1:39
- धनु5 दिसंबर, दोपहर 3:48
- मकर7 दिसंबर, शाम 4:41
- कुम्भ9 दिसंबर, शाम 5:58
- मीन11 दिसंबर, रात 8:58
- मेष14 दिसंबर, रात 2:20
- वृषभ16 दिसंबर, सुबह 10:04
- मिथुन18 दिसंबर, शाम 7:50
- कर्क21 दिसंबर, सुबह 7:20
- सिंह23 दिसंबर, शाम 7:55
- कन्या26 दिसंबर, सुबह 8:11
- तुला28 दिसंबर, शाम 6:09
- वृश्चिक31 दिसंबर, रात 12:18
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2040: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
