पंचांग · गोचर · चन्द्र
2041 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2041 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय एडमंटन के स्थानीय समय (America/Edmonton, MDT) में।
2041 में चन्द्र किन राशियों में है
- धनु1 जनवरी, सुबह 7:39
- मकर3 जनवरी, सुबह 7:36
- कुम्भ5 जनवरी, सुबह 7:12
- मीन7 जनवरी, सुबह 8:30
- मेष9 जनवरी, दोपहर 12:55
- वृषभ11 जनवरी, रात 8:42
- मिथुन14 जनवरी, सुबह 7:04
- कर्क16 जनवरी, शाम 6:55
- सिंह19 जनवरी, सुबह 7:28
- कन्या21 जनवरी, शाम 7:55
- तुला24 जनवरी, सुबह 6:54
- वृश्चिक26 जनवरी, दोपहर 2:44
- धनु28 जनवरी, शाम 6:34
- मकर30 जनवरी, शाम 7:02
- कुम्भ1 फ़रवरी, शाम 5:59
- मीन3 फ़रवरी, शाम 5:41
- मेष5 फ़रवरी, रात 8:15
- वृषभ8 फ़रवरी, रात 2:45
- मिथुन10 फ़रवरी, दोपहर 12:50
- कर्क13 फ़रवरी, रात 12:58
- सिंह15 फ़रवरी, दोपहर 1:36
- कन्या18 फ़रवरी, रात 1:50
- तुला20 फ़रवरी, दोपहर 12:56
- वृश्चिक22 फ़रवरी, रात 9:48
- धनु25 फ़रवरी, रात 3:24
- मकर27 फ़रवरी, सुबह 5:32
- कुम्भ1 मार्च, सुबह 5:19
- मीन3 मार्च, सुबह 4:43
- मेष5 मार्च, सुबह 5:56
- वृषभ7 मार्च, सुबह 10:43
- मिथुन9 मार्च, शाम 7:32
- कर्क12 मार्च, सुबह 7:18
- सिंह14 मार्च, रात 8:00
- कन्या17 मार्च, सुबह 8:02
- तुला19 मार्च, शाम 6:38
- वृश्चिक22 मार्च, रात 3:23
- धनु24 मार्च, सुबह 9:45
- मकर26 मार्च, दोपहर 1:28
- कुम्भ28 मार्च, दोपहर 2:55
- मीन30 मार्च, दोपहर 3:22
- मेष1 अप्रैल, शाम 4:35
- वृषभ3 अप्रैल, रात 8:21
- मिथुन6 अप्रैल, रात 3:47
- कर्क8 अप्रैल, दोपहर 2:37
- सिंह11 अप्रैल, रात 3:09
- कन्या13 अप्रैल, दोपहर 3:12
- तुला16 अप्रैल, रात 1:22
- वृश्चिक18 अप्रैल, सुबह 9:19
- धनु20 अप्रैल, दोपहर 3:10
- मकर22 अप्रैल, शाम 7:14
- कुम्भ24 अप्रैल, रात 9:55
- मीन26 अप्रैल, रात 11:53
- मेष29 अप्रैल, रात 2:12
- वृषभ1 मई, सुबह 6:10
- मिथुन3 मई, दोपहर 12:55
- कर्क5 मई, रात 10:50
- सिंह8 मई, सुबह 10:59
- कन्या10 मई, रात 11:14
- तुला13 मई, सुबह 9:30
- वृश्चिक15 मई, शाम 4:51
- धनु17 मई, रात 9:39
- मकर20 मई, रात 12:49
- कुम्भ22 मई, रात 3:21
- मीन24 मई, सुबह 6:06
- मेष26 मई, सुबह 9:39
- वृषभ28 मई, दोपहर 2:38
- मिथुन30 मई, रात 9:39
- कर्क2 जून, सुबह 7:12
- सिंह4 जून, शाम 7:00
- कन्या7 जून, सुबह 7:30
- तुला9 जून, शाम 6:22
- वृश्चिक12 जून, रात 1:56
- धनु14 जून, सुबह 6:06
- मकर16 जून, सुबह 8:01
- कुम्भ18 जून, सुबह 9:19
- मीन20 जून, सुबह 11:28
- मेष22 जून, दोपहर 3:21
- वृषभ24 जून, रात 9:13
- मिथुन27 जून, सुबह 5:02
- कर्क29 जून, दोपहर 2:50
- सिंह2 जुलाई, रात 2:32
- कन्या4 जुलाई, दोपहर 3:14
- तुला7 जुलाई, रात 2:56
- वृश्चिक9 जुलाई, सुबह 11:28
- धनु11 जुलाई, दोपहर 3:59
- मकर13 जुलाई, शाम 5:20
- कुम्भ15 जुलाई, शाम 5:19
- मीन17 जुलाई, शाम 6:00
- मेष19 जुलाई, रात 8:54
- वृषभ22 जुलाई, रात 2:40
- मिथुन24 जुलाई, सुबह 11:02
- कर्क26 जुलाई, रात 9:23
- सिंह29 जुलाई, सुबह 9:15
- कन्या31 जुलाई, रात 10:01
- तुला3 अगस्त, सुबह 10:21
- वृश्चिक5 अगस्त, रात 8:10
- धनु8 अगस्त, रात 1:58
- मकर10 अगस्त, रात 3:51
- कुम्भ12 अगस्त, रात 3:24
- मीन14 अगस्त, रात 2:47
- मेष16 अगस्त, सुबह 4:04
- वृषभ18 अगस्त, सुबह 8:36
- मिथुन20 अगस्त, शाम 4:35
- कर्क23 अगस्त, रात 3:11
- सिंह25 अगस्त, दोपहर 3:19
- कन्या28 अगस्त, सुबह 4:05
- तुला30 अगस्त, शाम 4:32
- वृश्चिक2 सितंबर, रात 3:12
- धनु4 सितंबर, सुबह 10:32
- मकर6 सितंबर, दोपहर 1:57
- कुम्भ8 सितंबर, दोपहर 2:17
- मीन10 सितंबर, दोपहर 1:25
- मेष12 सितंबर, दोपहर 1:30
- वृषभ14 सितंबर, शाम 4:22
- मिथुन16 सितंबर, रात 11:01
- कर्क19 सितंबर, सुबह 9:08
- सिंह21 सितंबर, रात 9:20
- कन्या24 सितंबर, सुबह 10:05
- तुला26 सितंबर, रात 10:15
- वृश्चिक29 सितंबर, सुबह 8:54
- धनु1 अक्टूबर, शाम 5:05
- मकर3 अक्टूबर, रात 10:06
- कुम्भ6 अक्टूबर, रात 12:07
- मीन8 अक्टूबर, रात 12:17
- मेष10 अक्टूबर, रात 12:20
- वृषभ12 अक्टूबर, रात 2:10
- मिथुन14 अक्टूबर, सुबह 7:16
- कर्क16 अक्टूबर, शाम 4:11
- सिंह19 अक्टूबर, रात 3:59
- कन्या21 अक्टूबर, शाम 4:45
- तुला24 अक्टूबर, सुबह 4:39
- वृश्चिक26 अक्टूबर, दोपहर 2:41
- धनु28 अक्टूबर, रात 10:31
- मकर31 अक्टूबर, सुबह 4:05
- कुम्भ2 नवंबर, सुबह 7:33
- मीन4 नवंबर, सुबह 9:25
- मेष6 नवंबर, सुबह 10:41
- वृषभ8 नवंबर, दोपहर 12:42
- मिथुन10 नवंबर, शाम 5:00
- कर्क13 नवंबर, रात 12:40
- सिंह15 नवंबर, सुबह 11:39
- कन्या18 नवंबर, रात 12:21
- तुला20 नवंबर, दोपहर 12:20
- वृश्चिक22 नवंबर, रात 9:54
- धनु25 नवंबर, सुबह 4:46
- मकर27 नवंबर, सुबह 9:33
- कुम्भ29 नवंबर, दोपहर 1:05
- मीन1 दिसंबर, शाम 4:00
- मेष3 दिसंबर, शाम 6:48
- वृषभ5 दिसंबर, रात 10:04
- मिथुन8 दिसंबर, रात 2:44
- कर्क10 दिसंबर, सुबह 9:52
- सिंह12 दिसंबर, रात 8:04
- कन्या15 दिसंबर, सुबह 8:33
- तुला17 दिसंबर, रात 8:56
- वृश्चिक20 दिसंबर, सुबह 6:47
- धनु22 दिसंबर, दोपहर 1:08
- मकर24 दिसंबर, शाम 4:42
- कुम्भ26 दिसंबर, शाम 6:58
- मीन28 दिसंबर, रात 9:20
- मेष31 दिसंबर, रात 12:37
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2041: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
