पंचांग · गोचर · चन्द्र
2048 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2048 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय केप टाउन के स्थानीय समय (Africa/Johannesburg, UTC+2) में।
2048 में चन्द्र किन राशियों में है
- कर्क2 जनवरी, दोपहर 12:11
- सिंह4 जनवरी, रात 8:57
- कन्या7 जनवरी, रात 3:27
- तुला9 जनवरी, सुबह 7:44
- वृश्चिक11 जनवरी, सुबह 10:07
- धनु13 जनवरी, सुबह 11:22
- मकर15 जनवरी, दोपहर 12:46
- कुम्भ17 जनवरी, दोपहर 3:52
- मीन19 जनवरी, रात 10:05
- मेष22 जनवरी, सुबह 7:56
- वृषभ24 जनवरी, रात 8:21
- मिथुन27 जनवरी, सुबह 8:57
- कर्क29 जनवरी, शाम 7:36
- सिंह1 फ़रवरी, रात 3:31
- कन्या3 फ़रवरी, सुबह 9:06
- तुला5 फ़रवरी, दोपहर 1:09
- वृश्चिक7 फ़रवरी, शाम 4:21
- धनु9 फ़रवरी, शाम 7:07
- मकर11 फ़रवरी, रात 9:57
- कुम्भ14 फ़रवरी, रात 1:43
- मीन16 फ़रवरी, सुबह 7:37
- मेष18 फ़रवरी, शाम 4:37
- वृषभ21 फ़रवरी, सुबह 4:29
- मिथुन23 फ़रवरी, शाम 5:18
- कर्क26 फ़रवरी, सुबह 4:20
- सिंह28 फ़रवरी, दोपहर 12:00
- कन्या1 मार्च, शाम 4:34
- तुला3 मार्च, शाम 7:20
- वृश्चिक5 मार्च, रात 9:44
- धनु8 मार्च, रात 12:41
- मकर10 मार्च, सुबह 4:34
- कुम्भ12 मार्च, सुबह 9:34
- मीन14 मार्च, शाम 4:10
- मेष17 मार्च, रात 1:05
- वृषभ19 मार्च, दोपहर 12:35
- मिथुन22 मार्च, रात 1:31
- कर्क24 मार्च, दोपहर 1:18
- सिंह26 मार्च, रात 9:39
- कन्या29 मार्च, रात 2:06
- तुला31 मार्च, रात 3:51
- वृश्चिक2 अप्रैल, सुबह 4:44
- धनु4 अप्रैल, सुबह 6:26
- मकर6 अप्रैल, सुबह 9:55
- कुम्भ8 अप्रैल, दोपहर 3:26
- मीन10 अप्रैल, रात 10:56
- मेष13 अप्रैल, सुबह 8:25
- वृषभ15 अप्रैल, शाम 7:58
- मिथुन18 अप्रैल, सुबह 8:55
- कर्क20 अप्रैल, रात 9:23
- सिंह23 अप्रैल, सुबह 6:56
- कन्या25 अप्रैल, दोपहर 12:22
- तुला27 अप्रैल, दोपहर 2:12
- वृश्चिक29 अप्रैल, दोपहर 2:11
- धनु1 मई, दोपहर 2:18
- मकर3 मई, शाम 4:14
- कुम्भ5 मई, रात 8:56
- मीन8 मई, सुबह 4:31
- मेष10 मई, दोपहर 2:33
- वृषभ13 मई, रात 2:27
- मिथुन15 मई, दोपहर 3:25
- कर्क18 मई, सुबह 4:09
- सिंह20 मई, दोपहर 2:44
- कन्या22 मई, रात 9:40
- तुला25 मई, रात 12:43
- वृश्चिक27 मई, रात 1:00
- धनु29 मई, रात 12:23
- मकर31 मई, रात 12:47
- कुम्भ2 जून, रात 3:49
- मीन4 जून, सुबह 10:23
- मेष6 जून, रात 8:16
- वृषभ9 जून, सुबह 8:24
- मिथुन11 जून, रात 9:26
- कर्क14 जून, सुबह 10:02
- सिंह16 जून, रात 8:57
- कन्या19 जून, सुबह 5:02
- तुला21 जून, सुबह 9:43
- वृश्चिक23 जून, सुबह 11:22
- धनु25 जून, सुबह 11:15
- मकर27 जून, सुबह 11:05
- कुम्भ29 जून, दोपहर 12:44
- मीन1 जुलाई, शाम 5:44
- मेष4 जुलाई, रात 2:38
- वृषभ6 जुलाई, दोपहर 2:33
- मिथुन9 जुलाई, रात 3:37
- कर्क11 जुलाई, दोपहर 3:58
- सिंह14 जुलाई, रात 2:32
- कन्या16 जुलाई, सुबह 10:48
- तुला18 जुलाई, शाम 4:33
- वृश्चिक20 जुलाई, शाम 7:48
- धनु22 जुलाई, रात 9:07
- मकर24 जुलाई, रात 9:35
- कुम्भ26 जुलाई, रात 10:52
- मीन29 जुलाई, रात 2:41
- मेष31 जुलाई, सुबह 10:18
- वृषभ2 अगस्त, रात 9:31
- मिथुन5 अगस्त, सुबह 10:28
- कर्क7 अगस्त, रात 10:42
- सिंह10 अगस्त, सुबह 8:44
- कन्या12 अगस्त, शाम 4:21
- तुला14 अगस्त, रात 10:00
- वृश्चिक17 अगस्त, रात 2:03
- धनु19 अगस्त, सुबह 4:47
- मकर21 अगस्त, सुबह 6:40
- कुम्भ23 अगस्त, सुबह 8:41
- मीन25 अगस्त, दोपहर 12:19
- मेष27 अगस्त, शाम 7:03
- वृषभ30 अगस्त, सुबह 5:24
- मिथुन1 सितंबर, शाम 6:06
- कर्क4 सितंबर, सुबह 6:29
- सिंह6 सितंबर, शाम 4:21
- कन्या8 सितंबर, रात 11:13
- तुला11 सितंबर, रात 3:52
- वृश्चिक13 सितंबर, सुबह 7:24
- धनु15 सितंबर, सुबह 10:31
- मकर17 सितंबर, दोपहर 1:32
- कुम्भ19 सितंबर, शाम 4:50
- मीन21 सितंबर, रात 9:15
- मेष24 सितंबर, रात 3:56
- वृषभ26 सितंबर, दोपहर 1:44
- मिथुन29 सितंबर, रात 2:07
- कर्क1 अक्टूबर, दोपहर 2:50
- सिंह4 अक्टूबर, रात 1:11
- कन्या6 अक्टूबर, सुबह 7:57
- तुला8 अक्टूबर, सुबह 11:44
- वृश्चिक10 अक्टूबर, दोपहर 1:58
- धनु12 अक्टूबर, शाम 4:04
- मकर14 अक्टूबर, शाम 6:57
- कुम्भ16 अक्टूबर, रात 10:59
- मीन19 अक्टूबर, सुबह 4:29
- मेष21 अक्टूबर, सुबह 11:54
- वृषभ23 अक्टूबर, रात 9:46
- मिथुन26 अक्टूबर, सुबह 9:56
- कर्क28 अक्टूबर, रात 10:55
- सिंह31 अक्टूबर, सुबह 10:12
- कन्या2 नवंबर, शाम 5:51
- तुला4 नवंबर, रात 9:43
- वृश्चिक6 नवंबर, रात 11:03
- धनु8 नवंबर, रात 11:38
- मकर11 नवंबर, रात 1:03
- कुम्भ13 नवंबर, सुबह 4:25
- मीन15 नवंबर, सुबह 10:12
- मेष17 नवंबर, शाम 6:24
- वृषभ20 नवंबर, सुबह 4:50
- मिथुन22 नवंबर, शाम 5:04
- कर्क25 नवंबर, सुबह 6:06
- सिंह27 नवंबर, शाम 6:09
- कन्या30 नवंबर, रात 3:15
- तुला2 दिसंबर, सुबह 8:24
- वृश्चिक4 दिसंबर, सुबह 10:06
- धनु6 दिसंबर, सुबह 9:54
- मकर8 दिसंबर, सुबह 9:42
- कुम्भ10 दिसंबर, सुबह 11:18
- मीन12 दिसंबर, दोपहर 3:58
- मेष15 दिसंबर, रात 12:04
- वृषभ17 दिसंबर, सुबह 10:57
- मिथुन19 दिसंबर, रात 11:29
- कर्क22 दिसंबर, दोपहर 12:26
- सिंह25 दिसंबर, रात 12:38
- कन्या27 दिसंबर, सुबह 10:46
- तुला29 दिसंबर, शाम 5:40
- वृश्चिक31 दिसंबर, रात 8:59
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2048: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
