पंचांग · गोचर · चन्द्र
2026 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2026 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय सिडनी के स्थानीय समय (Australia/Sydney, AEDT/AEST) में।
2026 में चन्द्र किन राशियों में है
- मिथुन2 जनवरी, दोपहर 2:55
- कर्क4 जनवरी, दोपहर 3:12
- सिंह6 जनवरी, शाम 5:47
- कन्या9 जनवरी, रात 12:08
- तुला11 जनवरी, सुबह 10:22
- वृश्चिक13 जनवरी, रात 10:50
- धनु16 जनवरी, सुबह 11:17
- मकर18 जनवरी, रात 10:10
- कुम्भ21 जनवरी, सुबह 7:04
- मीन23 जनवरी, दोपहर 2:03
- मेष25 जनवरी, शाम 7:05
- वृषभ27 जनवरी, रात 10:14
- मिथुन30 जनवरी, रात 12:00
- कर्क1 फ़रवरी, रात 1:30
- सिंह3 फ़रवरी, सुबह 4:17
- कन्या5 फ़रवरी, सुबह 9:49
- तुला7 फ़रवरी, शाम 6:51
- वृश्चिक10 फ़रवरी, सुबह 6:40
- धनु12 फ़रवरी, शाम 7:11
- मकर15 फ़रवरी, सुबह 6:11
- कुम्भ17 फ़रवरी, दोपहर 2:35
- मीन19 फ़रवरी, रात 8:29
- मेष22 फ़रवरी, रात 12:36
- वृषभ24 फ़रवरी, रात 3:41
- मिथुन26 फ़रवरी, सुबह 6:24
- कर्क28 फ़रवरी, सुबह 9:21
- सिंह2 मार्च, दोपहर 1:21
- कन्या4 मार्च, शाम 7:15
- तुला7 मार्च, रात 3:48
- वृश्चिक9 मार्च, दोपहर 2:59
- धनु12 मार्च, रात 3:29
- मकर14 मार्च, दोपहर 3:02
- कुम्भ16 मार्च, रात 11:43
- मीन19 मार्च, सुबह 5:05
- मेष21 मार्च, सुबह 7:57
- वृषभ23 मार्च, सुबह 9:43
- मिथुन25 मार्च, सुबह 11:46
- कर्क27 मार्च, दोपहर 3:05
- सिंह29 मार्च, रात 8:07
- कन्या1 अप्रैल, रात 3:02
- तुला3 अप्रैल, सुबह 11:58
- वृश्चिक5 अप्रैल, रात 9:57
- धनु8 अप्रैल, सुबह 10:23
- मकर10 अप्रैल, रात 10:33
- कुम्भ13 अप्रैल, सुबह 8:14
- मीन15 अप्रैल, दोपहर 2:07
- मेष17 अप्रैल, शाम 4:31
- वृषभ19 अप्रैल, शाम 5:00
- मिथुन21 अप्रैल, शाम 5:30
- कर्क23 अप्रैल, शाम 7:42
- सिंह26 अप्रैल, रात 12:34
- कन्या28 अप्रैल, सुबह 8:05
- तुला30 अप्रैल, शाम 5:43
- वृश्चिक3 मई, सुबह 4:59
- धनु5 मई, शाम 5:24
- मकर8 मई, सुबह 5:55
- कुम्भ10 मई, शाम 4:42
- मीन12 मई, रात 11:54
- मेष15 मई, रात 3:03
- वृषभ17 मई, रात 3:16
- मिथुन19 मई, रात 2:34
- कर्क21 मई, रात 3:08
- सिंह23 मई, सुबह 6:37
- कन्या25 मई, दोपहर 1:36
- तुला27 मई, रात 11:29
- वृश्चिक30 मई, सुबह 11:08
- धनु1 जून, रात 11:38
- मकर4 जून, दोपहर 12:11
- कुम्भ6 जून, रात 11:33
- मीन9 जून, सुबह 8:06
- मेष11 जून, दोपहर 12:46
- वृषभ13 जून, दोपहर 1:54
- मिथुन15 जून, दोपहर 1:10
- कर्क17 जून, दोपहर 12:42
- सिंह19 जून, दोपहर 2:36
- कन्या21 जून, रात 8:09
- तुला24 जून, सुबह 5:22
- वृश्चिक26 जून, शाम 5:02
- धनु29 जून, सुबह 5:38
- मकर1 जुलाई, शाम 6:01
- कुम्भ4 जुलाई, सुबह 5:17
- मीन6 जुलाई, दोपहर 2:26
- मेष8 जुलाई, रात 8:29
- वृषभ10 जुलाई, रात 11:14
- मिथुन12 जुलाई, रात 11:36
- कर्क14 जुलाई, रात 11:18
- सिंह17 जुलाई, रात 12:21
- कन्या19 जुलाई, सुबह 4:28
- तुला21 जुलाई, दोपहर 12:23
- वृश्चिक23 जुलाई, रात 11:30
- धनु26 जुलाई, दोपहर 12:04
- मकर29 जुलाई, रात 12:18
- कुम्भ31 जुलाई, सुबह 11:07
- मीन2 अगस्त, शाम 7:56
- मेष5 अगस्त, रात 2:23
- वृषभ7 अगस्त, सुबह 6:22
- मिथुन9 अगस्त, सुबह 8:18
- कर्क11 अगस्त, सुबह 9:12
- सिंह13 अगस्त, सुबह 10:36
- कन्या15 अगस्त, दोपहर 2:04
- तुला17 अगस्त, रात 8:48
- वृश्चिक20 अगस्त, सुबह 6:59
- धनु22 अगस्त, शाम 7:18
- मकर25 अगस्त, सुबह 7:35
- कुम्भ27 अगस्त, शाम 6:04
- मीन30 अगस्त, रात 2:07
- मेष1 सितंबर, सुबह 7:53
- वृषभ3 सितंबर, सुबह 11:55
- मिथुन5 सितंबर, दोपहर 2:47
- कर्क7 सितंबर, शाम 5:08
- सिंह9 सितंबर, शाम 7:43
- कन्या11 सितंबर, रात 11:37
- तुला14 सितंबर, सुबह 5:55
- वृश्चिक16 सितंबर, दोपहर 3:18
- धनु19 सितंबर, रात 3:14
- मकर21 सितंबर, दोपहर 3:44
- कुम्भ24 सितंबर, रात 2:26
- मीन26 सितंबर, सुबह 10:02
- मेष28 सितंबर, दोपहर 2:45
- वृषभ30 सितंबर, शाम 5:43
- मिथुन2 अक्टूबर, रात 8:10
- कर्क5 अक्टूबर, रात 12:01
- सिंह7 अक्टूबर, रात 3:47
- कन्या9 अक्टूबर, सुबह 8:47
- तुला11 अक्टूबर, दोपहर 3:33
- वृश्चिक14 अक्टूबर, रात 12:41
- धनु16 अक्टूबर, दोपहर 12:17
- मकर19 अक्टूबर, रात 1:02
- कुम्भ21 अक्टूबर, दोपहर 12:29
- मीन23 अक्टूबर, रात 8:33
- मेष26 अक्टूबर, रात 12:51
- वृषभ28 अक्टूबर, रात 2:36
- मिथुन30 अक्टूबर, रात 3:36
- कर्क1 नवंबर, सुबह 5:30
- सिंह3 नवंबर, सुबह 9:15
- कन्या5 नवंबर, दोपहर 3:04
- तुला7 नवंबर, रात 10:44
- वृश्चिक10 नवंबर, सुबह 8:17
- धनु12 नवंबर, शाम 7:48
- मकर15 नवंबर, सुबह 8:40
- कुम्भ17 नवंबर, रात 8:59
- मीन20 नवंबर, सुबह 6:19
- मेष22 नवंबर, सुबह 11:24
- वृषभ24 नवंबर, दोपहर 12:54
- मिथुन26 नवंबर, दोपहर 12:40
- कर्क28 नवंबर, दोपहर 12:52
- सिंह30 नवंबर, दोपहर 3:11
- कन्या2 दिसंबर, रात 8:28
- तुला5 दिसंबर, सुबह 4:32
- वृश्चिक7 दिसंबर, दोपहर 2:43
- धनु10 दिसंबर, रात 2:29
- मकर12 दिसंबर, दोपहर 3:20
- कुम्भ15 दिसंबर, सुबह 4:05
- मीन17 दिसंबर, दोपहर 2:42
- मेष19 दिसंबर, रात 9:27
- वृषभ22 दिसंबर, रात 12:05
- मिथुन23 दिसंबर, रात 11:55
- कर्क25 दिसंबर, रात 11:02
- सिंह27 दिसंबर, रात 11:34
- कन्या30 दिसंबर, रात 3:06
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2026: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
