पंचांग · गोचर · चन्द्र
2026 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2026 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय लेस्टर के स्थानीय समय (Europe/London, GMT/BST) में।
2026 में चन्द्र किन राशियों में है
- मिथुन2 जनवरी, रात 3:55
- कर्क4 जनवरी, सुबह 4:12
- सिंह6 जनवरी, सुबह 6:47
- कन्या8 जनवरी, दोपहर 1:08
- तुला10 जनवरी, रात 11:22
- वृश्चिक13 जनवरी, सुबह 11:50
- धनु16 जनवरी, रात 12:17
- मकर18 जनवरी, सुबह 11:10
- कुम्भ20 जनवरी, रात 8:04
- मीन23 जनवरी, रात 3:03
- मेष25 जनवरी, सुबह 8:05
- वृषभ27 जनवरी, सुबह 11:14
- मिथुन29 जनवरी, दोपहर 1:00
- कर्क31 जनवरी, दोपहर 2:30
- सिंह2 फ़रवरी, शाम 5:17
- कन्या4 फ़रवरी, रात 10:49
- तुला7 फ़रवरी, सुबह 7:51
- वृश्चिक9 फ़रवरी, शाम 7:40
- धनु12 फ़रवरी, सुबह 8:11
- मकर14 फ़रवरी, शाम 7:11
- कुम्भ17 फ़रवरी, रात 3:35
- मीन19 फ़रवरी, सुबह 9:29
- मेष21 फ़रवरी, दोपहर 1:36
- वृषभ23 फ़रवरी, शाम 4:41
- मिथुन25 फ़रवरी, शाम 7:24
- कर्क27 फ़रवरी, रात 10:21
- सिंह2 मार्च, रात 2:21
- कन्या4 मार्च, सुबह 8:15
- तुला6 मार्च, शाम 4:48
- वृश्चिक9 मार्च, रात 3:59
- धनु11 मार्च, शाम 4:29
- मकर14 मार्च, सुबह 4:02
- कुम्भ16 मार्च, दोपहर 12:43
- मीन18 मार्च, शाम 6:05
- मेष20 मार्च, रात 8:57
- वृषभ22 मार्च, रात 10:43
- मिथुन25 मार्च, रात 12:46
- कर्क27 मार्च, सुबह 4:05
- सिंह29 मार्च, सुबह 10:07
- कन्या31 मार्च, शाम 5:02
- तुला3 अप्रैल, रात 1:58
- वृश्चिक5 अप्रैल, दोपहर 12:57
- धनु8 अप्रैल, रात 1:23
- मकर10 अप्रैल, दोपहर 1:33
- कुम्भ12 अप्रैल, रात 11:14
- मीन15 अप्रैल, सुबह 5:07
- मेष17 अप्रैल, सुबह 7:31
- वृषभ19 अप्रैल, सुबह 8:00
- मिथुन21 अप्रैल, सुबह 8:30
- कर्क23 अप्रैल, सुबह 10:42
- सिंह25 अप्रैल, दोपहर 3:34
- कन्या27 अप्रैल, रात 11:05
- तुला30 अप्रैल, सुबह 8:43
- वृश्चिक2 मई, शाम 7:59
- धनु5 मई, सुबह 8:24
- मकर7 मई, रात 8:55
- कुम्भ10 मई, सुबह 7:42
- मीन12 मई, दोपहर 2:54
- मेष14 मई, शाम 6:03
- वृषभ16 मई, शाम 6:16
- मिथुन18 मई, शाम 5:34
- कर्क20 मई, शाम 6:08
- सिंह22 मई, रात 9:37
- कन्या25 मई, सुबह 4:36
- तुला27 मई, दोपहर 2:29
- वृश्चिक30 मई, रात 2:08
- धनु1 जून, दोपहर 2:38
- मकर4 जून, रात 3:11
- कुम्भ6 जून, दोपहर 2:33
- मीन8 जून, रात 11:06
- मेष11 जून, रात 3:46
- वृषभ13 जून, सुबह 4:54
- मिथुन15 जून, सुबह 4:10
- कर्क17 जून, रात 3:42
- सिंह19 जून, सुबह 5:36
- कन्या21 जून, सुबह 11:09
- तुला23 जून, रात 8:22
- वृश्चिक26 जून, सुबह 8:02
- धनु28 जून, रात 8:38
- मकर1 जुलाई, सुबह 9:01
- कुम्भ3 जुलाई, रात 8:17
- मीन6 जुलाई, सुबह 5:26
- मेष8 जुलाई, सुबह 11:29
- वृषभ10 जुलाई, दोपहर 2:14
- मिथुन12 जुलाई, दोपहर 2:36
- कर्क14 जुलाई, दोपहर 2:18
- सिंह16 जुलाई, दोपहर 3:21
- कन्या18 जुलाई, शाम 7:28
- तुला21 जुलाई, रात 3:23
- वृश्चिक23 जुलाई, दोपहर 2:30
- धनु26 जुलाई, रात 3:04
- मकर28 जुलाई, दोपहर 3:18
- कुम्भ31 जुलाई, रात 2:07
- मीन2 अगस्त, सुबह 10:56
- मेष4 अगस्त, शाम 5:23
- वृषभ6 अगस्त, रात 9:22
- मिथुन8 अगस्त, रात 11:18
- कर्क11 अगस्त, रात 12:12
- सिंह13 अगस्त, रात 1:36
- कन्या15 अगस्त, सुबह 5:04
- तुला17 अगस्त, सुबह 11:48
- वृश्चिक19 अगस्त, रात 9:59
- धनु22 अगस्त, सुबह 10:18
- मकर24 अगस्त, रात 10:35
- कुम्भ27 अगस्त, सुबह 9:04
- मीन29 अगस्त, शाम 5:07
- मेष31 अगस्त, रात 10:53
- वृषभ3 सितंबर, रात 2:55
- मिथुन5 सितंबर, सुबह 5:47
- कर्क7 सितंबर, सुबह 8:08
- सिंह9 सितंबर, सुबह 10:43
- कन्या11 सितंबर, दोपहर 2:37
- तुला13 सितंबर, रात 8:55
- वृश्चिक16 सितंबर, सुबह 6:18
- धनु18 सितंबर, शाम 6:14
- मकर21 सितंबर, सुबह 6:44
- कुम्भ23 सितंबर, शाम 5:26
- मीन26 सितंबर, रात 1:02
- मेष28 सितंबर, सुबह 5:45
- वृषभ30 सितंबर, सुबह 8:43
- मिथुन2 अक्टूबर, सुबह 11:10
- कर्क4 अक्टूबर, दोपहर 2:01
- सिंह6 अक्टूबर, शाम 5:47
- कन्या8 अक्टूबर, रात 10:47
- तुला11 अक्टूबर, सुबह 5:33
- वृश्चिक13 अक्टूबर, दोपहर 2:41
- धनु16 अक्टूबर, रात 2:17
- मकर18 अक्टूबर, दोपहर 3:02
- कुम्भ21 अक्टूबर, रात 2:29
- मीन23 अक्टूबर, सुबह 10:33
- मेष25 अक्टूबर, दोपहर 1:51
- वृषभ27 अक्टूबर, दोपहर 3:36
- मिथुन29 अक्टूबर, शाम 4:36
- कर्क31 अक्टूबर, शाम 6:30
- सिंह2 नवंबर, रात 10:15
- कन्या5 नवंबर, सुबह 4:04
- तुला7 नवंबर, सुबह 11:44
- वृश्चिक9 नवंबर, रात 9:17
- धनु12 नवंबर, सुबह 8:48
- मकर14 नवंबर, रात 9:40
- कुम्भ17 नवंबर, सुबह 9:59
- मीन19 नवंबर, शाम 7:19
- मेष22 नवंबर, रात 12:24
- वृषभ24 नवंबर, रात 1:54
- मिथुन26 नवंबर, रात 1:40
- कर्क28 नवंबर, रात 1:52
- सिंह30 नवंबर, सुबह 4:11
- कन्या2 दिसंबर, सुबह 9:28
- तुला4 दिसंबर, शाम 5:32
- वृश्चिक7 दिसंबर, रात 3:43
- धनु9 दिसंबर, दोपहर 3:29
- मकर12 दिसंबर, सुबह 4:20
- कुम्भ14 दिसंबर, शाम 5:05
- मीन17 दिसंबर, रात 3:42
- मेष19 दिसंबर, सुबह 10:27
- वृषभ21 दिसंबर, दोपहर 1:05
- मिथुन23 दिसंबर, दोपहर 12:55
- कर्क25 दिसंबर, दोपहर 12:02
- सिंह27 दिसंबर, दोपहर 12:34
- कन्या29 दिसंबर, शाम 4:06
- तुला31 दिसंबर, रात 11:16
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2026: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
