पंचांग · पर्व और व्रत
2033 के पर्व और व्रत
हर तारीख इंजन ने चन्द्र-तिथि, नक्षत्र या सूर्य की संक्रान्ति से निकाली है, चुने गए नगर के सूर्योदय के अनुसार। पर्व खोलें तो यह भी पढ़ें कि तारीख कैसे तय हुई।
तारीखें अबू धाबी के लिए · नगर बदलें
सभी समय अबू धाबी के स्थानीय समय (Asia/Dubai, GST) में।
मास-नाम: नियम अमान्त मास से चलते हैं, जो अमावस्या पर समाप्त होता है (जैसे दक्षिण और पश्चिम भारत में)। कृष्ण पक्ष में उत्तर भारत का पूर्णिमान्त मास अगले मास में पहुँच चुका होता है, इसलिए कृष्ण पक्ष की प्रविष्टियों पर दोनों नाम दिए हैं, जैसे कामिका एकादशी: श्रावण कृष्ण (पूर्णिमान्त) = आषाढ़ कृष्ण (अमान्त)। श्रावण सोमवार पूर्णिमान्त मास से गिने जाते हैं, जैसे दिल्ली के पंचांग छापते हैं।
जनवरी 2033
1 जनवरीशनि
मार्गशीर्ष अमावस्या (शनि)चाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · पौष अमावस्या (पूर्णिमान्त) = मार्गशीर्ष अमावस्या (अमान्त)
6 जनवरीगुरु
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · पौष
11 जनवरीमंगल
पौष पुत्रदा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · पौष शुक्ल
12 जनवरीबुध
बुध प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
13 जनवरीगुरु
लोहड़ीपंजाब का अलाव-पर्व, मकर संक्रांति से एक संध्या पहले।
14 जनवरीशुक्र
मकर संक्रांतिसूर्य का निरयण मकर राशि में प्रवेश, लगभग 14 जनवरी।
14 जनवरीशुक्र
थाई पोंगलतमिल सौर मास थाई का पहला दिन, सूर्य के निरयण मकर राशि में प्रवेश के बाद।
15 जनवरीशनि
पौष पूर्णिमा (शाकम्भरी)पूरे चाँद का दिन · पौष
19 जनवरीबुध
लम्बोदर संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
27 जनवरीगुरु
षटतिला एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · माघ कृष्ण (पूर्णिमान्त) = पौष कृष्ण (अमान्त)
28 जनवरीशुक्र
शुक्र प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
29 जनवरीशनि
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · माघ (पूर्णिमान्त) = पौष (अमान्त)
30 जनवरीरवि
मौनी अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · माघ अमावस्या (पूर्णिमान्त) = पौष अमावस्या (अमान्त)
फ़रवरी 2033
4 फ़रवरीशुक्र
वसंत पंचमीमाघ शुक्ल पंचमी; सरस्वती का दिन और वसंत का पहला संकेत।
4 फ़रवरीशुक्र
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · माघ
6 फ़रवरीरवि
रथ सप्तमीमाघ शुक्ल सप्तमी, भोर से पहले स्नान के साथ सूर्य के लिए।
9 फ़रवरीबुध
जया एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · माघ शुक्ल
11 फ़रवरीशुक्र
शुक्र प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
14 फ़रवरीसोम
माघ पूर्णिमापूरे चाँद का दिन · माघ
17 फ़रवरीगुरु
द्विजप्रिय संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
25 फ़रवरीशुक्र
विजया एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · फाल्गुन कृष्ण (पूर्णिमान्त) = माघ कृष्ण (अमान्त)
27 फ़रवरीरवि
27 फ़रवरीरवि
रवि प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
मार्च 2033
1 मार्चमंगल
माघ अमावस्या (भौमवती)चाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · फाल्गुन अमावस्या (पूर्णिमान्त) = माघ अमावस्या (अमान्त)
6 मार्चरवि
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · फाल्गुन
11 मार्चशुक्र
आमलकी एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · फाल्गुन शुक्ल
13 मार्चरवि
रवि प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
15 मार्चमंगल
होलिका दहनसाथ में: फाल्गुन पूर्णिमा
होली का अलाव, फाल्गुन पूर्णिमा की संध्या में भद्रा से बाहर जलाया जाता है।
16 मार्चबुध
होलीरंगों का पर्व, होलिका दहन के अगले दिन।
19 मार्चशनि
भालचन्द्र संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
27 मार्चरवि
पापमोचनी एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · चैत्र कृष्ण (पूर्णिमान्त) = फाल्गुन कृष्ण (अमान्त)
28 मार्चसोम
सोम प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
29 मार्चमंगल
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · चैत्र (पूर्णिमान्त) = फाल्गुन (अमान्त)
30 मार्चबुध
फाल्गुन अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · चैत्र अमावस्या (पूर्णिमान्त) = फाल्गुन अमावस्या (अमान्त)
31 मार्चगुरु
उगादि / गुड़ी पड़वादक्कन और महाराष्ट्र में चैत्र शुक्ल प्रतिपदा का चांद्र नववर्ष।
31 मार्चगुरु
चैत्र नवरात्रिचैत्र शुक्ल प्रतिपदा से राम नवमी तक देवी की नौ रातें।
अप्रैल 2033
2 अप्रैलशनि
गणगौरचैत्र शुक्ल तृतीया, राजस्थान की गौरी-पूजा का समापन।
4 अप्रैलसोम
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · चैत्र
7 अप्रैलगुरु
राम नवमीराम का जन्मोत्सव, चैत्र शुक्ल नवमी के मध्याह्न में।
10 अप्रैलरवि
कामदा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · चैत्र शुक्ल
11 अप्रैलसोम
सोम प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
12 अप्रैलमंगल
महावीर जयंतीचौबीसवें तीर्थंकर वर्धमान महावीर का जन्म, चैत्र शुक्ल त्रयोदशी।
14 अप्रैलगुरु
18 अप्रैलसोम
विकट संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
25 अप्रैलसोम
वरूथिनी एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · वैशाख कृष्ण (पूर्णिमान्त) = चैत्र कृष्ण (अमान्त)
26 अप्रैलमंगल
भौम प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
27 अप्रैलबुध
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · वैशाख (पूर्णिमान्त) = चैत्र (अमान्त)
29 अप्रैलशुक्र
चैत्र अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · वैशाख अमावस्या (पूर्णिमान्त) = चैत्र अमावस्या (अमान्त)
मई 2033
1 मईरवि
अक्षय तृतीयावैशाख शुक्ल तृतीया, साढ़े तीन 'अबूझ' मुहूर्त दिनों में से एक।
4 मईबुध
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · वैशाख
9 मईसोम
मोहिनी एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · वैशाख शुक्ल
11 मईबुध
बुध प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
14 मईशनि
17 मईमंगल
अंगारकी एकदन्त संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
24 मईमंगल
अपरा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · ज्येष्ठ कृष्ण (पूर्णिमान्त) = वैशाख कृष्ण (अमान्त)
26 मईगुरु
गुरु प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
26 मईगुरु
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · ज्येष्ठ (पूर्णिमान्त) = वैशाख (अमान्त)
28 मईशनि
वट सावित्रीसाथ में: वैशाख अमावस्या
उत्तर भारत में ज्येष्ठ से पहले की अमावस्या को वट वृक्ष पर स्त्रियों का व्रत।
जून 2033
2 जूनगुरु
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · ज्येष्ठ
7 जूनमंगल
गंगा दशहराज्येष्ठ शुक्ल दशमी, गंगा का अवतरण।
8 जूनबुध
निर्जला एकादशीज्येष्ठ शुक्ल की निर्जल एकादशी, जिसे चौबीसों के समान माना जाता है।
10 जूनशुक्र
शुक्र प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
12 जूनरवि
वट पूर्णिमापूरे चाँद का दिन · ज्येष्ठ
16 जूनगुरु
कृष्णपिंगल संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
23 जूनगुरु
योगिनी एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · आषाढ़ कृष्ण (पूर्णिमान्त) = ज्येष्ठ कृष्ण (अमान्त)
24 जूनशुक्र
शुक्र प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
25 जूनशनि
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · आषाढ़ (पूर्णिमान्त) = ज्येष्ठ (अमान्त)
26 जूनरवि
ज्येष्ठ अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · आषाढ़ अमावस्या (पूर्णिमान्त) = ज्येष्ठ अमावस्या (अमान्त)
28 जूनमंगल
रथ यात्रापुरी में आषाढ़ शुक्ल द्वितीया को जगन्नाथ की रथ यात्रा।
जुलाई 2033
2 जुलाईशनि
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · आषाढ़
8 जुलाईशुक्र
देवशयनी एकादशीआषाढ़ शुक्ल एकादशी, जब विष्णु का चार मास का शयन आरंभ माना जाता है।
9 जुलाईशनि
शनि प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
12 जुलाईमंगल
गुरु पूर्णिमाआषाढ़ पूर्णिमा, गुरु और व्यास को समर्पित।
15 जुलाईशुक्र
गजानन संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
18 जुलाईसोम
श्रावण सोमवारउत्तर भारत की पूर्णिमान्त गणना के श्रावण मास के सोमवार, शिव के लिए।
22 जुलाईशुक्र
कामिका एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · श्रावण कृष्ण (पूर्णिमान्त) = आषाढ़ कृष्ण (अमान्त)
23 जुलाईशनि
शनि प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
24 जुलाईरवि
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · श्रावण (पूर्णिमान्त) = आषाढ़ (अमान्त)
25 जुलाईसोम
श्रावण सोमवारउत्तर भारत की पूर्णिमान्त गणना के श्रावण मास के सोमवार, शिव के लिए।
26 जुलाईमंगल
हरियाली अमावस्या (भौमवती)चाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · श्रावण अमावस्या (पूर्णिमान्त) = आषाढ़ अमावस्या (अमान्त)
31 जुलाईरवि
नाग पंचमीश्रावण शुक्ल पंचमी, नाग देवताओं का दिन।
अगस्त 2033
1 अगस्तसोम
श्रावण सोमवारउत्तर भारत की पूर्णिमान्त गणना के श्रावण मास के सोमवार, शिव के लिए।
1 अगस्तसोम
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · श्रावण
6 अगस्तशनि
श्रावण पुत्रदा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · श्रावण शुक्ल
8 अगस्तसोम
श्रावण सोमवारउत्तर भारत की पूर्णिमान्त गणना के श्रावण मास के सोमवार, शिव के लिए।
8 अगस्तसोम
सोम प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
10 अगस्तबुध
13 अगस्तशनि
हेरम्ब संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
17 अगस्तबुध
कृष्ण जन्माष्टमीश्रावण पूर्णिमा के बाद की अष्टमी की अर्धरात्रि में कृष्ण का जन्म।
20 अगस्तशनि
अजा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · भाद्रपद कृष्ण (पूर्णिमान्त) = श्रावण कृष्ण (अमान्त)
22 अगस्तसोम
सोम प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
22 अगस्तसोम
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · भाद्रपद (पूर्णिमान्त) = श्रावण (अमान्त)
24 अगस्तबुध
श्रावण अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · भाद्रपद अमावस्या (पूर्णिमान्त) = श्रावण अमावस्या (अमान्त)
27 अगस्तशनि
हरतालिका तीजभाद्रपद शुक्ल तृतीया को पार्वती के लिए स्त्रियों का व्रत।
28 अगस्तरवि
गणेश चतुर्थीभाद्रपद शुक्ल चतुर्थी के मध्याह्न में गणेश की स्थापना।
30 अगस्तमंगल
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · भाद्रपद
सितंबर 2033
5 सितंबरसोम
परिवर्तिनी (पार्श्व) एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · भाद्रपद शुक्ल
6 सितंबरमंगल
ओणमचिंगम मास में तिरुवोणम (श्रवण) नक्षत्र को केरल का फसल-पर्व।
6 सितंबरमंगल
भौम प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
8 सितंबरगुरु
अनंत चतुर्दशीभाद्रपद शुक्ल चतुर्दशी; अनंत व्रत और गणेश विसर्जन।
9 सितंबरशुक्र
पितृ पक्ष आरंभपितरों का पखवाड़ा, भाद्रपद पूर्णिमा के अगले दिन से अमावस्या तक।
9 सितंबरशुक्र
भाद्रपद पूर्णिमा (उमा-महेश्वर व्रत)पूरे चाँद का दिन · भाद्रपद
11 सितंबररवि
विघ्नराज संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
19 सितंबरसोम
इन्दिरा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · आश्विन कृष्ण (पूर्णिमान्त) = भाद्रपद कृष्ण (अमान्त)
20 सितंबरमंगल
भौम प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
21 सितंबरबुध
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · आश्विन (पूर्णिमान्त) = भाद्रपद (अमान्त)
23 सितंबरशुक्र
महालय / सर्वपितृ अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · आश्विन अमावस्या (पूर्णिमान्त) = भाद्रपद अमावस्या (अमान्त)
24 सितंबरशनि
शारदीय नवरात्रि आरंभआश्विन शुक्ल प्रतिपदा से नवमी तक दुर्गा की नौ रातें।
29 सितंबरगुरु
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · आश्विन
अक्टूबर 2033
2 अक्टूबररवि
दुर्गाष्टमीशारदीय नवरात्रि का आठवाँ दिन, दुर्गा पूजन का प्रमुख दिन।
3 अक्टूबरसोम
महानवमीशारदीय नवरात्रि की नौवीं और अंतिम रात; दक्षिण में आयुध पूजा।
3 अक्टूबरसोम
विजयादशमीआश्विन शुक्ल दशमी, अपराह्न में; रावण-दहन और शमी पूजन।
5 अक्टूबरबुध
पापांकुशा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · आश्विन शुक्ल
6 अक्टूबरगुरु
गुरु प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
7 अक्टूबरशुक्र
शरद पूर्णिमासाथ में: आश्विन पूर्णिमा (व्रत, स्नान-दान), 8 अक्टूबर
आश्विन पूर्णिमा की रात (कोजागरी), चंद्रोदय से मनाई जाती है।
8 अक्टूबरशनि
आश्विन पूर्णिमापूरे चाँद का दिन · आश्विन
आज सूर्योदय पर पूर्णिमा है: पूर्णिमा व्रत और स्नान-दान का दिन। शरद पूर्णिमा (7 अक्टूबर) इसी पूर्णिमा का पर्व है, चन्द्रोदय पर, उसी रात।
11 अक्टूबरमंगल
करवा चौथशरद पूर्णिमा के बाद की चतुर्थी को भोर से चंद्रोदय तक पत्नियों का व्रत।
11 अक्टूबरमंगल
अंगारकी वक्रतुण्ड संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
15 अक्टूबरशनि
अहोई अष्टमीकार्तिक कृष्ण अष्टमी (पूर्णिमान्त) को संतान के लिए माताओं का व्रत, तारों के उदय पर पूर्ण।
18 अक्टूबरमंगल
रमा एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · कार्तिक कृष्ण (पूर्णिमान्त) = आश्विन कृष्ण (अमान्त)
20 अक्टूबरगुरु
धनतेरसदीपावली-काल का पहला दिन, आश्विन अमावस्या से पहले की त्रयोदशी।
20 अक्टूबरगुरु
गुरु प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
21 अक्टूबरशुक्र
काली चौदसकार्तिक कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमान्त) की रात, गुजरात में काली के लिए।
21 अक्टूबरशुक्र
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · कार्तिक (पूर्णिमान्त) = आश्विन (अमान्त)
22 अक्टूबरशनि
नरक चतुर्दशीकार्तिक कृष्ण चतुर्दशी (पूर्णिमान्त): भोर से पहले, घटते चंद्रमा के रहते, तेल-स्नान।
22 अक्टूबरशनि
दीपावलीसाथ में: आश्विन अमावस्या (व्रत, स्नान-दान), 23 अक्टूबर
आश्विन का समापन करने वाली अमावस्या को दीपों का पर्व और लक्ष्मी पूजन।
23 अक्टूबररवि
आश्विन अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · कार्तिक अमावस्या (पूर्णिमान्त) = आश्विन अमावस्या (अमान्त)
आज सूर्योदय पर अमावस्या है: अमावस्या के कर्म (श्राद्ध, स्नान-दान) का दिन। दीपावली (22 अक्टूबर) इसी अमावस्या का पर्व है, संध्या में।
24 अक्टूबरसोम
गोवर्धन पूजाकार्तिक शुक्ल प्रतिपदा, प्रायः दीपावली के अगले दिन; अन्नकूट।
25 अक्टूबरमंगल
भाई दूजकार्तिक शुक्ल द्वितीया, भाई-बहन का दिन जो दीपावली का समापन करता है।
29 अक्टूबरशनि
छठ पूजाबिहार का चार दिवसीय सूर्य-पर्व, कार्तिक शुक्ल षष्ठी पर केंद्रित।
29 अक्टूबरशनि
स्कन्द षष्ठीतमिल गणना में कार्तिक शुक्ल षष्ठी, सूरसंहारम् का दिन।
नवंबर 2033
3 नवंबरगुरु
देवउठनी एकादशीसाथ में: देवउठनी (प्रबोधिनी) एकादशी
कार्तिक शुक्ल एकादशी, चातुर्मास का अंत और विवाह-काल का पुनः आरंभ।
3 नवंबरगुरु
तुलसी विवाहकार्तिक शुक्ल द्वादशी को तुलसी का विष्णु से प्रतीकात्मक विवाह।
4 नवंबरशुक्र
शुक्र प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
6 नवंबररवि
कार्तिक पूर्णिमाकार्तिक की पूर्णिमा; वाराणसी में दीप और गुरु नानक जयंती।
9 नवंबरबुध
गणाधिप संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
17 नवंबरगुरु
उत्पन्ना एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · मार्गशीर्ष कृष्ण (पूर्णिमान्त) = कार्तिक कृष्ण (अमान्त)
19 नवंबरशनि
शनि प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
20 नवंबररवि
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · मार्गशीर्ष (पूर्णिमान्त) = कार्तिक (अमान्त)
21 नवंबरसोम
कार्तिक अमावस्या (सोमवती)चाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · मार्गशीर्ष अमावस्या (पूर्णिमान्त) = कार्तिक अमावस्या (अमान्त)
27 नवंबररवि
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · मार्गशीर्ष
दिसंबर 2033
2 दिसंबरशुक्र
3 दिसंबरशनि
शनि प्रदोष (शुक्ल)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
5 दिसंबरसोम
दत्तात्रेय जयंतीसाथ में: मार्गशीर्ष पूर्णिमा (व्रत, स्नान-दान), 6 दिसंबर
मार्गशीर्ष पूर्णिमा की संध्या में दत्तात्रेय का जन्म।
6 दिसंबरमंगल
मार्गशीर्ष पूर्णिमापूरे चाँद का दिन · मार्गशीर्ष
आज सूर्योदय पर पूर्णिमा है: पूर्णिमा व्रत और स्नान-दान का दिन। दत्तात्रेय जयंती (5 दिसंबर) इसी पूर्णिमा का पर्व है, संध्या में।
9 दिसंबरशुक्र
अखुरथ संकष्टी चतुर्थीकृष्ण चतुर्थी; चन्द्रोदय पर खुलने वाला गणेश व्रत
17 दिसंबरशनि
सफला एकादशीग्यारहवीं तिथि; विष्णु का व्रत · पौष कृष्ण (पूर्णिमान्त) = मार्गशीर्ष कृष्ण (अमान्त)
19 दिसंबरसोम
सोम प्रदोष (कृष्ण)त्रयोदशी; सन्ध्या को शिव पूजा
19 दिसंबरसोम
मासिक शिवरात्रिकृष्ण चतुर्दशी, अर्धरात्रि में · पौष (पूर्णिमान्त) = मार्गशीर्ष (अमान्त)
21 दिसंबरबुध
मार्गशीर्ष अमावस्याचाँद रहित दिन; पितरों का स्मरण · पौष अमावस्या (पूर्णिमान्त) = मार्गशीर्ष अमावस्या (अमान्त)
27 दिसंबरमंगल
स्कन्द षष्ठीशुक्ल षष्ठी, पिछली तिथि से युक्त दिन · पौष
सरल भाषा की टिप्पणियाँ प्रचलित पंचांग-परम्परा का विद्यालय द्वारा किया गया सार हैं, अध्ययन के लिए। ये सलाह नहीं हैं।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- गोचरहर ग्रह का राशि-परिवर्तन, वक्री-मार्गी और अस्त।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
