पंचांग · गोचर · चन्द्र
1997 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 1997 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय ऑकलैंड के स्थानीय समय (Pacific/Auckland, NZDT/NZST) में।
1997 में चन्द्र किन राशियों में है
- कन्या1 जनवरी, रात 3:05
- तुला3 जनवरी, दोपहर 2:15
- वृश्चिक5 जनवरी, रात 9:35
- धनु8 जनवरी, रात 12:45
- मकर10 जनवरी, रात 1:09
- कुम्भ12 जनवरी, रात 12:53
- मीन14 जनवरी, रात 1:56
- मेष16 जनवरी, सुबह 5:37
- वृषभ18 जनवरी, दोपहर 12:16
- मिथुन20 जनवरी, रात 9:26
- कर्क23 जनवरी, सुबह 8:27
- सिंह25 जनवरी, रात 8:52
- कन्या28 जनवरी, सुबह 9:50
- तुला30 जनवरी, रात 9:45
- वृश्चिक2 फ़रवरी, सुबह 6:37
- धनु4 फ़रवरी, सुबह 11:21
- मकर6 फ़रवरी, दोपहर 12:30
- कुम्भ8 फ़रवरी, सुबह 11:49
- मीन10 फ़रवरी, सुबह 11:26
- मेष12 फ़रवरी, दोपहर 1:15
- वृषभ14 फ़रवरी, शाम 6:27
- मिथुन17 फ़रवरी, रात 3:09
- कर्क19 फ़रवरी, दोपहर 2:26
- सिंह22 फ़रवरी, रात 3:04
- कन्या24 फ़रवरी, दोपहर 3:54
- तुला27 फ़रवरी, रात 3:49
- वृश्चिक1 मार्च, दोपहर 1:30
- धनु3 मार्च, शाम 7:52
- मकर5 मार्च, रात 10:46
- कुम्भ7 मार्च, रात 11:08
- मीन9 मार्च, रात 10:40
- मेष11 मार्च, रात 11:17
- वृषभ14 मार्च, रात 2:44
- मिथुन16 मार्च, सुबह 8:58
- कर्क18 मार्च, शाम 7:43
- सिंह21 मार्च, सुबह 8:24
- कन्या23 मार्च, रात 9:10
- तुला26 मार्च, सुबह 8:40
- वृश्चिक28 मार्च, शाम 6:06
- धनु31 मार्च, रात 1:06
- मकर2 अप्रैल, सुबह 5:29
- कुम्भ4 अप्रैल, सुबह 7:34
- मीन6 अप्रैल, सुबह 8:18
- मेष8 अप्रैल, सुबह 9:06
- वृषभ10 अप्रैल, सुबह 11:40
- मिथुन12 अप्रैल, शाम 5:28
- कर्क15 अप्रैल, रात 3:04
- सिंह17 अप्रैल, दोपहर 3:25
- कन्या20 अप्रैल, सुबह 4:13
- तुला22 अप्रैल, दोपहर 3:24
- वृश्चिक25 अप्रैल, रात 12:08
- धनु27 अप्रैल, सुबह 6:33
- मकर29 अप्रैल, सुबह 11:10
- कुम्भ1 मई, दोपहर 2:24
- मीन3 मई, शाम 4:41
- मेष5 मई, शाम 6:41
- वृषभ7 मई, रात 9:36
- मिथुन10 मई, रात 2:50
- कर्क12 मई, सुबह 11:26
- सिंह14 मई, रात 11:10
- कन्या17 मई, दोपहर 12:01
- तुला19 मई, रात 11:19
- वृश्चिक22 मई, सुबह 7:37
- धनु24 मई, दोपहर 1:05
- मकर26 मई, शाम 4:47
- कुम्भ28 मई, शाम 7:48
- मीन30 मई, रात 10:45
- मेष2 जून, रात 2:00
- वृषभ4 जून, सुबह 6:01
- मिथुन6 जून, सुबह 11:40
- कर्क8 जून, शाम 7:58
- सिंह11 जून, सुबह 7:13
- कन्या13 जून, रात 8:05
- तुला16 जून, सुबह 7:53
- वृश्चिक18 जून, शाम 4:27
- धनु20 जून, रात 9:28
- मकर23 जून, रात 12:03
- कुम्भ25 जून, रात 1:51
- मीन27 जून, सुबह 4:08
- मेष29 जून, सुबह 7:36
- वृषभ1 जुलाई, दोपहर 12:29
- मिथुन3 जुलाई, शाम 7:03
- कर्क6 जुलाई, रात 3:45
- सिंह8 जुलाई, दोपहर 2:54
- कन्या11 जुलाई, रात 3:46
- तुला13 जुलाई, शाम 4:11
- वृश्चिक16 जुलाई, रात 1:41
- धनु18 जुलाई, सुबह 7:11
- मकर20 जुलाई, सुबह 9:23
- कुम्भ22 जुलाई, सुबह 10:00
- मीन24 जुलाई, सुबह 10:49
- मेष26 जुलाई, दोपहर 1:13
- वृषभ28 जुलाई, शाम 5:54
- मिथुन31 जुलाई, रात 12:59
- कर्क2 अगस्त, सुबह 10:21
- सिंह4 अगस्त, रात 9:47
- कन्या7 अगस्त, सुबह 10:40
- तुला9 अगस्त, रात 11:30
- वृश्चिक12 अगस्त, सुबह 10:07
- धनु14 अगस्त, शाम 4:55
- मकर16 अगस्त, शाम 7:51
- कुम्भ18 अगस्त, रात 8:12
- मीन20 अगस्त, शाम 7:50
- मेष22 अगस्त, रात 8:37
- वृषभ24 अगस्त, रात 11:57
- मिथुन27 अगस्त, सुबह 6:32
- कर्क29 अगस्त, शाम 4:08
- सिंह1 सितंबर, रात 3:56
- कन्या3 सितंबर, शाम 4:54
- तुला6 सितंबर, सुबह 5:46
- वृश्चिक8 सितंबर, शाम 5:02
- धनु11 सितंबर, रात 1:15
- मकर13 सितंबर, सुबह 5:46
- कुम्भ15 सितंबर, सुबह 7:06
- मीन17 सितंबर, सुबह 6:39
- मेष19 सितंबर, सुबह 6:20
- वृषभ21 सितंबर, सुबह 8:00
- मिथुन23 सितंबर, दोपहर 1:07
- कर्क25 सितंबर, रात 10:03
- सिंह28 सितंबर, सुबह 9:55
- कन्या30 सितंबर, रात 10:58
- तुला3 अक्टूबर, सुबह 11:37
- वृश्चिक5 अक्टूबर, रात 11:47
- धनु8 अक्टूबर, सुबह 8:41
- मकर10 अक्टूबर, दोपहर 2:43
- कुम्भ12 अक्टूबर, शाम 5:47
- मीन14 अक्टूबर, शाम 6:32
- मेष16 अक्टूबर, शाम 6:21
- वृषभ18 अक्टूबर, शाम 7:06
- मिथुन20 अक्टूबर, रात 10:39
- कर्क23 अक्टूबर, सुबह 6:13
- सिंह25 अक्टूबर, शाम 5:29
- कन्या28 अक्टूबर, सुबह 6:31
- तुला30 अक्टूबर, शाम 7:00
- वृश्चिक2 नवंबर, सुबह 5:38
- धनु4 नवंबर, दोपहर 2:08
- मकर6 नवंबर, रात 8:35
- कुम्भ9 नवंबर, रात 1:01
- मीन11 नवंबर, रात 3:31
- मेष13 नवंबर, सुबह 4:41
- वृषभ15 नवंबर, सुबह 5:48
- मिथुन17 नवंबर, सुबह 8:40
- कर्क19 नवंबर, दोपहर 2:57
- सिंह22 नवंबर, रात 1:09
- कन्या24 नवंबर, दोपहर 1:54
- तुला27 नवंबर, रात 2:29
- वृश्चिक29 नवंबर, दोपहर 12:48
- धनु1 दिसंबर, रात 8:27
- मकर4 दिसंबर, रात 2:05
- कुम्भ6 दिसंबर, सुबह 6:27
- मीन8 दिसंबर, सुबह 9:54
- मेष10 दिसंबर, दोपहर 12:36
- वृषभ12 दिसंबर, दोपहर 3:06
- मिथुन14 दिसंबर, शाम 6:33
- कर्क17 दिसंबर, रात 12:27
- सिंह19 दिसंबर, सुबह 9:46
- कन्या21 दिसंबर, रात 10:00
- तुला24 दिसंबर, सुबह 10:48
- वृश्चिक26 दिसंबर, रात 9:27
- धनु29 दिसंबर, सुबह 4:47
- मकर31 दिसंबर, सुबह 9:22
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 1997: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
