पंचांग · गोचर · चन्द्र
2001 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2001 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय काठमांडू के स्थानीय समय (Asia/Kathmandu, UTC+5:45) में।
2001 में चन्द्र किन राशियों में है
- मीन1 जनवरी, दोपहर 3:57
- मेष4 जनवरी, रात 1:24
- वृषभ6 जनवरी, सुबह 7:00
- मिथुन8 जनवरी, सुबह 9:00
- कर्क10 जनवरी, सुबह 8:48
- सिंह12 जनवरी, सुबह 8:19
- कन्या14 जनवरी, सुबह 9:26
- तुला16 जनवरी, दोपहर 1:39
- वृश्चिक18 जनवरी, रात 9:30
- धनु21 जनवरी, सुबह 8:23
- मकर23 जनवरी, रात 8:59
- कुम्भ26 जनवरी, सुबह 9:59
- मीन28 जनवरी, रात 10:12
- मेष31 जनवरी, सुबह 8:31
- वृषभ2 फ़रवरी, दोपहर 3:48
- मिथुन4 फ़रवरी, शाम 7:34
- कर्क6 फ़रवरी, रात 8:22
- सिंह8 फ़रवरी, शाम 7:40
- कन्या10 फ़रवरी, शाम 7:29
- तुला12 फ़रवरी, रात 9:50
- वृश्चिक15 फ़रवरी, सुबह 4:09
- धनु17 फ़रवरी, दोपहर 2:26
- मकर20 फ़रवरी, रात 3:08
- कुम्भ22 फ़रवरी, शाम 4:08
- मीन25 फ़रवरी, सुबह 4:02
- मेष27 फ़रवरी, दोपहर 2:12
- वृषभ1 मार्च, रात 10:13
- मिथुन4 मार्च, रात 3:35
- कर्क6 मार्च, सुबह 6:12
- सिंह8 मार्च, सुबह 6:42
- कन्या10 मार्च, सुबह 6:37
- तुला12 मार्च, सुबह 8:00
- वृश्चिक14 मार्च, दोपहर 12:43
- धनु16 मार्च, रात 9:40
- मकर19 मार्च, सुबह 9:52
- कुम्भ21 मार्च, रात 10:52
- मीन24 मार्च, सुबह 10:32
- मेष26 मार्च, रात 8:05
- वृषभ29 मार्च, रात 3:38
- मिथुन31 मार्च, सुबह 9:22
- कर्क2 अप्रैल, दोपहर 1:16
- सिंह4 अप्रैल, दोपहर 3:25
- कन्या6 अप्रैल, शाम 4:38
- तुला8 अप्रैल, शाम 6:22
- वृश्चिक10 अप्रैल, रात 10:27
- धनु13 अप्रैल, सुबह 6:13
- मकर15 अप्रैल, शाम 5:32
- कुम्भ18 अप्रैल, सुबह 6:23
- मीन20 अप्रैल, शाम 6:08
- मेष23 अप्रैल, रात 3:19
- वृषभ25 अप्रैल, सुबह 10:00
- मिथुन27 अप्रैल, दोपहर 2:55
- कर्क29 अप्रैल, शाम 6:41
- सिंह1 मई, रात 9:40
- कन्या4 मई, रात 12:14
- तुला6 मई, रात 3:11
- वृश्चिक8 मई, सुबह 7:46
- धनु10 मई, दोपहर 3:11
- मकर13 मई, रात 1:47
- कुम्भ15 मई, दोपहर 2:22
- मीन18 मई, रात 2:26
- मेष20 मई, सुबह 11:54
- वृषभ22 मई, शाम 6:11
- मिथुन24 मई, रात 10:03
- कर्क27 मई, रात 12:39
- सिंह29 मई, रात 3:02
- कन्या31 मई, सुबह 5:56
- तुला2 जून, सुबह 9:53
- वृश्चिक4 जून, दोपहर 3:30
- धनु6 जून, रात 11:23
- मकर9 जून, सुबह 9:51
- कुम्भ11 जून, रात 10:13
- मीन14 जून, सुबह 10:39
- मेष16 जून, रात 8:54
- वृषभ19 जून, रात 3:41
- मिथुन21 जून, सुबह 7:12
- कर्क23 जून, सुबह 8:40
- सिंह25 जून, सुबह 9:38
- कन्या27 जून, सुबह 11:31
- तुला29 जून, दोपहर 3:21
- वृश्चिक1 जुलाई, रात 9:35
- धनु4 जुलाई, सुबह 6:15
- मकर6 जुलाई, शाम 5:04
- कुम्भ9 जुलाई, सुबह 5:25
- मीन11 जुलाई, शाम 6:04
- मेष14 जुलाई, सुबह 5:14
- वृषभ16 जुलाई, दोपहर 1:12
- मिथुन18 जुलाई, शाम 5:26
- कर्क20 जुलाई, शाम 6:38
- सिंह22 जुलाई, शाम 6:27
- कन्या24 जुलाई, शाम 6:47
- तुला26 जुलाई, रात 9:19
- वृश्चिक29 जुलाई, रात 3:05
- धनु31 जुलाई, दोपहर 12:03
- मकर2 अगस्त, रात 11:20
- कुम्भ5 अगस्त, सुबह 11:50
- मीन8 अगस्त, रात 12:31
- मेष10 अगस्त, दोपहर 12:12
- वृषभ12 अगस्त, रात 9:27
- मिथुन15 अगस्त, रात 3:09
- कर्क17 अगस्त, सुबह 5:17
- सिंह19 अगस्त, सुबह 5:00
- कन्या21 अगस्त, सुबह 4:16
- तुला23 अगस्त, सुबह 5:12
- वृश्चिक25 अगस्त, सुबह 9:33
- धनु27 अगस्त, शाम 5:51
- मकर30 अगस्त, सुबह 5:12
- कुम्भ1 सितंबर, शाम 5:52
- मीन4 सितंबर, सुबह 6:26
- मेष6 सितंबर, शाम 6:03
- वृषभ9 सितंबर, रात 3:55
- मिथुन11 सितंबर, सुबह 11:03
- कर्क13 सितंबर, दोपहर 2:50
- सिंह15 सितंबर, दोपहर 3:40
- कन्या17 सितंबर, दोपहर 3:04
- तुला19 सितंबर, दोपहर 3:06
- वृश्चिक21 सितंबर, शाम 5:55
- धनु24 सितंबर, रात 12:50
- मकर26 सितंबर, सुबह 11:32
- कुम्भ29 सितंबर, रात 12:10
- मीन1 अक्टूबर, दोपहर 12:40
- मेष3 अक्टूबर, रात 11:52
- वृषभ6 अक्टूबर, सुबह 9:26
- मिथुन8 अक्टूबर, शाम 5:00
- कर्क10 अक्टूबर, रात 10:08
- सिंह13 अक्टूबर, रात 12:40
- कन्या15 अक्टूबर, रात 1:20
- तुला17 अक्टूबर, रात 1:45
- वृश्चिक19 अक्टूबर, रात 3:54
- धनु21 अक्टूबर, सुबह 9:30
- मकर23 अक्टूबर, शाम 7:02
- कुम्भ26 अक्टूबर, सुबह 7:16
- मीन28 अक्टूबर, शाम 7:48
- मेष31 अक्टूबर, सुबह 6:46
- वृषभ2 नवंबर, दोपहर 3:36
- मिथुन4 नवंबर, रात 10:29
- कर्क7 नवंबर, रात 3:40
- सिंह9 नवंबर, सुबह 7:13
- कन्या11 नवंबर, सुबह 9:28
- तुला13 नवंबर, सुबह 11:16
- वृश्चिक15 नवंबर, दोपहर 1:59
- धनु17 नवंबर, शाम 7:09
- मकर20 नवंबर, रात 3:42
- कुम्भ22 नवंबर, दोपहर 3:15
- मीन25 नवंबर, रात 3:50
- मेष27 नवंबर, दोपहर 3:04
- वृषभ29 नवंबर, रात 11:37
- मिथुन2 दिसंबर, सुबह 5:30
- कर्क4 दिसंबर, सुबह 9:32
- सिंह6 दिसंबर, दोपहर 12:34
- कन्या8 दिसंबर, दोपहर 3:19
- तुला10 दिसंबर, शाम 6:23
- वृश्चिक12 दिसंबर, रात 10:26
- धनु15 दिसंबर, सुबह 4:16
- मकर17 दिसंबर, दोपहर 12:37
- कुम्भ19 दिसंबर, रात 11:37
- मीन22 दिसंबर, दोपहर 12:09
- मेष25 दिसंबर, रात 12:01
- वृषभ27 दिसंबर, सुबह 9:10
- मिथुन29 दिसंबर, दोपहर 2:50
- कर्क31 दिसंबर, शाम 5:44
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2001: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
