पंचांग · गोचर · चन्द्र
2007 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2007 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय पोर्ट लुई के स्थानीय समय (Indian/Mauritius, UTC+4) में।
2007 में चन्द्र किन राशियों में है
- मिथुन2 जनवरी, सुबह 8:37
- कर्क4 जनवरी, दोपहर 2:07
- सिंह6 जनवरी, रात 10:32
- कन्या9 जनवरी, सुबह 10:00
- तुला11 जनवरी, रात 10:54
- वृश्चिक14 जनवरी, सुबह 10:31
- धनु16 जनवरी, शाम 6:53
- मकर18 जनवरी, रात 11:53
- कुम्भ21 जनवरी, रात 2:41
- मीन23 जनवरी, सुबह 4:45
- मेष25 जनवरी, सुबह 7:11
- वृषभ27 जनवरी, सुबह 10:38
- मिथुन29 जनवरी, दोपहर 3:25
- कर्क31 जनवरी, रात 9:59
- सिंह3 फ़रवरी, सुबह 6:48
- कन्या5 फ़रवरी, शाम 6:03
- तुला8 फ़रवरी, सुबह 6:52
- वृश्चिक10 फ़रवरी, शाम 7:09
- धनु13 फ़रवरी, सुबह 4:35
- मकर15 फ़रवरी, सुबह 10:11
- कुम्भ17 फ़रवरी, दोपहर 12:35
- मीन19 फ़रवरी, दोपहर 1:19
- मेष21 फ़रवरी, दोपहर 2:05
- वृषभ23 फ़रवरी, शाम 4:18
- मिथुन25 फ़रवरी, रात 8:52
- कर्क28 फ़रवरी, सुबह 4:03
- सिंह2 मार्च, दोपहर 1:39
- कन्या5 मार्च, रात 1:13
- तुला7 मार्च, दोपहर 1:59
- वृश्चिक10 मार्च, रात 2:35
- धनु12 मार्च, दोपहर 1:09
- मकर14 मार्च, रात 8:14
- कुम्भ16 मार्च, रात 11:32
- मीन19 मार्च, रात 12:05
- मेष20 मार्च, रात 11:37
- वृषभ23 मार्च, रात 12:04
- मिथुन25 मार्च, रात 3:06
- कर्क27 मार्च, सुबह 9:39
- सिंह29 मार्च, शाम 7:29
- कन्या1 अप्रैल, सुबह 7:29
- तुला3 अप्रैल, रात 8:20
- वृश्चिक6 अप्रैल, सुबह 8:52
- धनु8 अप्रैल, शाम 7:58
- मकर11 अप्रैल, सुबह 4:25
- कुम्भ13 अप्रैल, सुबह 9:23
- मीन15 अप्रैल, सुबह 11:04
- मेष17 अप्रैल, सुबह 10:40
- वृषभ19 अप्रैल, सुबह 10:07
- मिथुन21 अप्रैल, सुबह 11:29
- कर्क23 अप्रैल, शाम 4:27
- सिंह26 अप्रैल, रात 1:29
- कन्या28 अप्रैल, दोपहर 1:28
- तुला1 मई, रात 2:26
- वृश्चिक3 मई, दोपहर 2:47
- धनु6 मई, रात 1:42
- मकर8 मई, सुबह 10:37
- कुम्भ10 मई, शाम 4:56
- मीन12 मई, रात 8:17
- मेष14 मई, रात 9:09
- वृषभ16 मई, रात 8:54
- मिथुन18 मई, रात 9:32
- कर्क21 मई, रात 1:04
- सिंह23 मई, सुबह 8:43
- कन्या25 मई, रात 8:02
- तुला28 मई, सुबह 8:56
- वृश्चिक30 मई, रात 9:10
- धनु2 जून, सुबह 7:37
- मकर4 जून, शाम 4:06
- कुम्भ6 जून, रात 10:39
- मीन9 जून, रात 3:07
- मेष11 जून, सुबह 5:32
- वृषभ13 जून, सुबह 6:33
- मिथुन15 जून, सुबह 7:40
- कर्क17 जून, सुबह 10:44
- सिंह19 जून, शाम 5:17
- कन्या22 जून, रात 3:37
- तुला24 जून, शाम 4:11
- वृश्चिक27 जून, सुबह 4:28
- धनु29 जून, दोपहर 2:39
- मकर1 जुलाई, रात 10:25
- कुम्भ4 जुलाई, सुबह 4:13
- मीन6 जुलाई, सुबह 8:33
- मेष8 जुलाई, सुबह 11:42
- वृषभ10 जुलाई, दोपहर 2:03
- मिथुन12 जुलाई, शाम 4:24
- कर्क14 जुलाई, रात 8:02
- सिंह17 जुलाई, रात 2:19
- कन्या19 जुलाई, सुबह 11:55
- तुला22 जुलाई, रात 12:03
- वृश्चिक24 जुलाई, दोपहर 12:30
- धनु26 जुलाई, रात 10:56
- मकर29 जुलाई, सुबह 6:24
- कुम्भ31 जुलाई, सुबह 11:15
- मीन2 अगस्त, दोपहर 2:30
- मेष4 अगस्त, शाम 5:05
- वृषभ6 अगस्त, शाम 7:45
- मिथुन8 अगस्त, रात 11:07
- कर्क11 अगस्त, रात 3:50
- सिंह13 अगस्त, सुबह 10:41
- कन्या15 अगस्त, रात 8:10
- तुला18 अगस्त, सुबह 8:00
- वृश्चिक20 अगस्त, रात 8:38
- धनु23 अगस्त, सुबह 7:46
- मकर25 अगस्त, दोपहर 3:44
- कुम्भ27 अगस्त, रात 8:19
- मीन29 अगस्त, रात 10:28
- मेष31 अगस्त, रात 11:40
- वृषभ3 सितंबर, रात 1:20
- मिथुन5 सितंबर, सुबह 4:33
- कर्क7 सितंबर, सुबह 9:57
- सिंह9 सितंबर, शाम 5:40
- कन्या12 सितंबर, रात 3:36
- तुला14 सितंबर, दोपहर 3:25
- वृश्चिक17 सितंबर, सुबह 4:09
- धनु19 सितंबर, शाम 4:04
- मकर22 सितंबर, रात 1:14
- कुम्भ24 सितंबर, सुबह 6:37
- मीन26 सितंबर, सुबह 8:36
- मेष28 सितंबर, सुबह 8:40
- वृषभ30 सितंबर, सुबह 8:43
- मिथुन2 अक्टूबर, सुबह 10:34
- कर्क4 अक्टूबर, दोपहर 3:24
- सिंह6 अक्टूबर, रात 11:26
- कन्या9 अक्टूबर, सुबह 9:57
- तुला11 अक्टूबर, रात 10:01
- वृश्चिक14 अक्टूबर, सुबह 10:45
- धनु16 अक्टूबर, रात 11:05
- मकर19 अक्टूबर, सुबह 9:29
- कुम्भ21 अक्टूबर, शाम 4:27
- मीन23 अक्टूबर, शाम 7:31
- मेष25 अक्टूबर, शाम 7:38
- वृषभ27 अक्टूबर, शाम 6:39
- मिथुन29 अक्टूबर, शाम 6:48
- कर्क31 अक्टूबर, रात 10:01
- सिंह3 नवंबर, सुबह 5:11
- कन्या5 नवंबर, दोपहर 3:43
- तुला8 नवंबर, सुबह 4:04
- वृश्चिक10 नवंबर, शाम 4:47
- धनु13 नवंबर, सुबह 5:00
- मकर15 नवंबर, दोपहर 3:54
- कुम्भ18 नवंबर, रात 12:17
- मीन20 नवंबर, सुबह 5:11
- मेष22 नवंबर, सुबह 6:40
- वृषभ24 नवंबर, सुबह 6:01
- मिथुन26 नवंबर, सुबह 5:22
- कर्क28 नवंबर, सुबह 6:58
- सिंह30 नवंबर, दोपहर 12:27
- कन्या2 दिसंबर, रात 10:02
- तुला5 दिसंबर, सुबह 10:16
- वृश्चिक7 दिसंबर, रात 11:02
- धनु10 दिसंबर, सुबह 10:56
- मकर12 दिसंबर, रात 9:27
- कुम्भ15 दिसंबर, सुबह 6:07
- मीन17 दिसंबर, दोपहर 12:19
- मेष19 दिसंबर, दोपहर 3:38
- वृषभ21 दिसंबर, शाम 4:33
- मिथुन23 दिसंबर, शाम 4:34
- कर्क25 दिसंबर, शाम 5:40
- सिंह27 दिसंबर, रात 9:46
- कन्या30 दिसंबर, सुबह 5:52
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2007: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
