पंचांग · गोचर · चन्द्र
2008 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2008 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय क्वालालंपुर के स्थानीय समय (Asia/Kuala Lumpur, UTC+8) में।
2008 में चन्द्र किन राशियों में है
- तुला1 जनवरी, रात 9:20
- वृश्चिक4 जनवरी, सुबह 10:03
- धनु6 जनवरी, रात 9:53
- मकर9 जनवरी, सुबह 7:48
- कुम्भ11 जनवरी, दोपहर 3:43
- मीन13 जनवरी, रात 9:44
- मेष16 जनवरी, रात 1:55
- वृषभ18 जनवरी, सुबह 4:28
- मिथुन20 जनवरी, सुबह 6:06
- कर्क22 जनवरी, सुबह 8:05
- सिंह24 जनवरी, दोपहर 12:00
- कन्या26 जनवरी, शाम 7:04
- तुला29 जनवरी, सुबह 5:31
- वृश्चिक31 जनवरी, शाम 5:56
- धनु3 फ़रवरी, सुबह 6:00
- मकर5 फ़रवरी, दोपहर 3:51
- कुम्भ7 फ़रवरी, रात 10:58
- मीन10 फ़रवरी, रात 3:51
- मेष12 फ़रवरी, सुबह 7:18
- वृषभ14 फ़रवरी, सुबह 10:07
- मिथुन16 फ़रवरी, दोपहर 12:55
- कर्क18 फ़रवरी, शाम 4:21
- सिंह20 फ़रवरी, रात 9:13
- कन्या23 फ़रवरी, सुबह 4:20
- तुला25 फ़रवरी, दोपहर 2:09
- वृश्चिक28 फ़रवरी, रात 2:10
- धनु1 मार्च, दोपहर 2:34
- मकर4 मार्च, रात 1:02
- कुम्भ6 मार्च, सुबह 8:11
- मीन8 मार्च, दोपहर 12:12
- मेष10 मार्च, दोपहर 2:15
- वृषभ12 मार्च, दोपहर 3:51
- मिथुन14 मार्च, शाम 6:18
- कर्क16 मार्च, रात 10:21
- सिंह19 मार्च, सुबह 4:19
- कन्या21 मार्च, दोपहर 12:15
- तुला23 मार्च, रात 10:12
- वृश्चिक26 मार्च, सुबह 10:00
- धनु28 मार्च, रात 10:36
- मकर31 मार्च, सुबह 9:58
- कुम्भ2 अप्रैल, शाम 6:06
- मीन4 अप्रैल, रात 10:21
- मेष6 अप्रैल, रात 11:37
- वृषभ8 अप्रैल, रात 11:44
- मिथुन11 अप्रैल, रात 12:38
- कर्क13 अप्रैल, रात 3:50
- सिंह15 अप्रैल, सुबह 9:54
- कन्या17 अप्रैल, शाम 6:32
- तुला20 अप्रैल, सुबह 5:03
- वृश्चिक22 अप्रैल, शाम 4:57
- धनु25 अप्रैल, सुबह 5:36
- मकर27 अप्रैल, शाम 5:38
- कुम्भ30 अप्रैल, रात 3:05
- मीन2 मई, सुबह 8:35
- मेष4 मई, सुबह 10:18
- वृषभ6 मई, सुबह 9:48
- मिथुन8 मई, सुबह 9:17
- कर्क10 मई, सुबह 10:49
- सिंह12 मई, दोपहर 3:43
- कन्या15 मई, रात 12:05
- तुला17 मई, सुबह 10:57
- वृश्चिक19 मई, रात 11:08
- धनु22 मई, सुबह 11:45
- मकर24 मई, रात 11:55
- कुम्भ27 मई, सुबह 10:16
- मीन29 मई, शाम 5:17
- मेष31 मई, रात 8:26
- वृषभ2 जून, रात 8:36
- मिथुन4 जून, शाम 7:43
- कर्क6 जून, शाम 7:59
- सिंह8 जून, रात 11:15
- कन्या11 जून, सुबह 6:23
- तुला13 जून, शाम 4:51
- वृश्चिक16 जून, सुबह 5:08
- धनु18 जून, शाम 5:44
- मकर21 जून, सुबह 5:40
- कुम्भ23 जून, शाम 4:04
- मीन25 जून, रात 11:57
- मेष28 जून, सुबह 4:38
- वृषभ30 जून, सुबह 6:19
- मिथुन2 जुलाई, सुबह 6:17
- कर्क4 जुलाई, सुबह 6:23
- सिंह6 जुलाई, सुबह 8:35
- कन्या8 जुलाई, दोपहर 2:15
- तुला10 जुलाई, रात 11:40
- वृश्चिक13 जुलाई, सुबह 11:38
- धनु16 जुलाई, रात 12:14
- मकर18 जुलाई, सुबह 11:52
- कुम्भ20 जुलाई, रात 9:45
- मीन23 जुलाई, सुबह 5:27
- मेष25 जुलाई, सुबह 10:48
- वृषभ27 जुलाई, दोपहर 1:52
- मिथुन29 जुलाई, दोपहर 3:20
- कर्क31 जुलाई, शाम 4:24
- सिंह2 अगस्त, शाम 6:37
- कन्या4 अगस्त, रात 11:26
- तुला7 अगस्त, सुबह 7:43
- वृश्चिक9 अगस्त, शाम 7:02
- धनु12 अगस्त, सुबह 7:35
- मकर14 अगस्त, शाम 7:12
- कुम्भ17 अगस्त, सुबह 4:33
- मीन19 अगस्त, सुबह 11:24
- मेष21 अगस्त, शाम 4:12
- वृषभ23 अगस्त, शाम 7:35
- मिथुन25 अगस्त, रात 10:11
- कर्क28 अगस्त, रात 12:39
- सिंह30 अगस्त, रात 3:50
- कन्या1 सितंबर, सुबह 8:47
- तुला3 सितंबर, शाम 4:28
- वृश्चिक6 सितंबर, रात 3:06
- धनु8 सितंबर, दोपहर 3:34
- मकर11 सितंबर, रात 3:32
- कुम्भ13 सितंबर, दोपहर 12:56
- मीन15 सितंबर, शाम 7:06
- मेष17 सितंबर, रात 10:45
- वृषभ20 सितंबर, रात 1:11
- मिथुन22 सितंबर, रात 3:36
- कर्क24 सितंबर, सुबह 6:48
- सिंह26 सितंबर, सुबह 11:10
- कन्या28 सितंबर, शाम 5:02
- तुला1 अक्टूबर, रात 12:55
- वृश्चिक3 अक्टूबर, सुबह 11:14
- धनु5 अक्टूबर, रात 11:35
- मकर8 अक्टूबर, दोपहर 12:06
- कुम्भ10 अक्टूबर, रात 10:16
- मीन13 अक्टूबर, सुबह 4:39
- मेष15 अक्टूबर, सुबह 7:34
- वृषभ17 अक्टूबर, सुबह 8:37
- मिथुन19 अक्टूबर, सुबह 9:40
- कर्क21 अक्टूबर, दोपहर 12:11
- सिंह23 अक्टूबर, शाम 4:50
- कन्या25 अक्टूबर, रात 11:34
- तुला28 अक्टूबर, सुबह 8:11
- वृश्चिक30 अक्टूबर, शाम 6:42
- धनु2 नवंबर, सुबह 6:58
- मकर4 नवंबर, शाम 7:54
- कुम्भ7 नवंबर, सुबह 7:13
- मीन9 नवंबर, दोपहर 2:48
- मेष11 नवंबर, शाम 6:11
- वृषभ13 नवंबर, शाम 6:38
- मिथुन15 नवंबर, शाम 6:13
- कर्क17 नवंबर, शाम 7:02
- सिंह19 नवंबर, रात 10:30
- कन्या22 नवंबर, सुबह 5:02
- तुला24 नवंबर, दोपहर 2:11
- वृश्चिक27 नवंबर, रात 1:12
- धनु29 नवंबर, दोपहर 1:34
- मकर2 दिसंबर, रात 2:32
- कुम्भ4 दिसंबर, दोपहर 2:37
- मीन6 दिसंबर, रात 11:45
- मेष9 दिसंबर, सुबह 4:43
- वृषभ11 दिसंबर, सुबह 5:58
- मिथुन13 दिसंबर, सुबह 5:13
- कर्क15 दिसंबर, सुबह 4:38
- सिंह17 दिसंबर, सुबह 6:14
- कन्या19 दिसंबर, सुबह 11:17
- तुला21 दिसंबर, शाम 7:53
- वृश्चिक24 दिसंबर, सुबह 7:07
- धनु26 दिसंबर, शाम 7:42
- मकर29 दिसंबर, सुबह 8:33
- कुम्भ31 दिसंबर, रात 8:36
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2008: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
