पंचांग · गोचर · चन्द्र
2022 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2022 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय सिंगापुर के स्थानीय समय (Asia/Singapore, UTC+8) में।
2022 में चन्द्र किन राशियों में है
- धनु1 जनवरी, रात 9:47
- मकर3 जनवरी, रात 9:21
- कुम्भ5 जनवरी, रात 10:23
- मीन8 जनवरी, रात 2:45
- मेष10 जनवरी, सुबह 11:19
- वृषभ12 जनवरी, रात 11:15
- मिथुन15 जनवरी, दोपहर 12:20
- कर्क18 जनवरी, रात 12:32
- सिंह20 जनवरी, सुबह 10:54
- कन्या22 जनवरी, शाम 7:18
- तुला25 जनवरी, रात 1:38
- वृश्चिक27 जनवरी, सुबह 5:42
- धनु29 जनवरी, सुबह 7:37
- मकर31 जनवरी, सुबह 8:15
- कुम्भ2 फ़रवरी, सुबह 9:14
- मीन4 फ़रवरी, दोपहर 12:32
- मेष6 फ़रवरी, शाम 7:39
- वृषभ9 फ़रवरी, सुबह 6:39
- मिथुन11 फ़रवरी, शाम 7:35
- कर्क14 फ़रवरी, सुबह 7:48
- सिंह16 फ़रवरी, शाम 5:43
- कन्या19 फ़रवरी, रात 1:16
- तुला21 फ़रवरी, सुबह 7:01
- वृश्चिक23 फ़रवरी, सुबह 11:25
- धनु25 फ़रवरी, दोपहर 2:37
- मकर27 फ़रवरी, शाम 4:51
- कुम्भ1 मार्च, शाम 7:01
- मीन3 मार्च, रात 10:33
- मेष6 मार्च, सुबह 4:59
- वृषभ8 मार्च, दोपहर 3:00
- मिथुन11 मार्च, रात 3:32
- कर्क13 मार्च, दोपहर 3:59
- सिंह16 मार्च, रात 2:02
- कन्या18 मार्च, सुबह 9:02
- तुला20 मार्च, दोपहर 1:40
- वृश्चिक22 मार्च, शाम 5:03
- धनु24 मार्च, शाम 7:59
- मकर26 मार्च, रात 10:58
- कुम्भ29 मार्च, रात 2:24
- मीन31 मार्च, सुबह 7:02
- मेष2 अप्रैल, दोपहर 1:51
- वृषभ4 अप्रैल, रात 11:31
- मिथुन7 अप्रैल, सुबह 11:39
- कर्क10 अप्रैल, रात 12:20
- सिंह12 अप्रैल, सुबह 11:04
- कन्या14 अप्रैल, शाम 6:24
- तुला16 अप्रैल, रात 10:31
- वृश्चिक19 अप्रैल, रात 12:38
- धनु21 अप्रैल, रात 2:11
- मकर23 अप्रैल, सुबह 4:22
- कुम्भ25 अप्रैल, सुबह 7:59
- मीन27 अप्रैल, दोपहर 1:30
- मेष29 अप्रैल, रात 9:12
- वृषभ2 मई, सुबह 7:14
- मिथुन4 मई, शाम 7:15
- कर्क7 मई, सुबह 8:04
- सिंह9 मई, शाम 7:37
- कन्या12 मई, सुबह 4:02
- तुला14 मई, सुबह 8:42
- वृश्चिक16 मई, सुबह 10:23
- धनु18 मई, सुबह 10:39
- मकर20 मई, सुबह 11:15
- कुम्भ22 मई, दोपहर 1:42
- मीन24 मई, शाम 6:57
- मेष27 मई, रात 3:08
- वृषभ29 मई, दोपहर 1:45
- मिथुन1 जून, रात 1:59
- कर्क3 जून, दोपहर 2:50
- सिंह6 जून, रात 2:54
- कन्या8 जून, दोपहर 12:33
- तुला10 जून, शाम 6:36
- वृश्चिक12 जून, रात 9:03
- धनु14 जून, रात 9:02
- मकर16 जून, रात 8:25
- कुम्भ18 जून, रात 9:12
- मीन21 जून, रात 1:05
- मेष23 जून, सुबह 8:44
- वृषभ25 जून, शाम 7:32
- मिथुन28 जून, सुबह 8:03
- कर्क30 जून, रात 8:53
- सिंह3 जुलाई, सुबह 9:00
- कन्या5 जुलाई, शाम 7:21
- तुला8 जुलाई, रात 2:51
- वृश्चिक10 जुलाई, सुबह 6:51
- धनु12 जुलाई, सुबह 7:45
- मकर14 जुलाई, सुबह 7:02
- कुम्भ16 जुलाई, सुबह 6:46
- मीन18 जुलाई, सुबह 9:04
- मेष20 जुलाई, दोपहर 3:20
- वृषभ23 जुलाई, रात 1:31
- मिथुन25 जुलाई, दोपहर 2:02
- कर्क28 जुलाई, रात 2:51
- सिंह30 जुलाई, दोपहर 2:42
- कन्या2 अगस्त, रात 12:59
- तुला4 अगस्त, सुबह 9:09
- वृश्चिक6 अगस्त, दोपहर 2:36
- धनु8 अगस्त, शाम 5:07
- मकर10 अगस्त, शाम 5:28
- कुम्भ12 अगस्त, शाम 5:19
- मीन14 अगस्त, शाम 6:45
- मेष16 अगस्त, रात 11:36
- वृषभ19 अगस्त, सुबह 8:36
- मिथुन21 अगस्त, रात 8:39
- कर्क24 अगस्त, सुबह 9:26
- सिंह26 अगस्त, रात 9:02
- कन्या29 अगस्त, सुबह 6:45
- तुला31 अगस्त, दोपहर 2:33
- वृश्चिक2 सितंबर, रात 8:25
- धनु5 सितंबर, रात 12:12
- मकर7 सितंबर, रात 2:08
- कुम्भ9 सितंबर, रात 3:09
- मीन11 सितंबर, सुबह 4:52
- मेष13 सितंबर, सुबह 9:05
- वृषभ15 सितंबर, शाम 4:58
- मिथुन18 सितंबर, सुबह 4:13
- कर्क20 सितंबर, शाम 4:53
- सिंह23 सितंबर, सुबह 4:33
- कन्या25 सितंबर, दोपहर 1:51
- तुला27 सितंबर, रात 8:47
- वृश्चिक30 सितंबर, रात 1:54
- धनु2 अक्टूबर, सुबह 5:41
- मकर4 अक्टूबर, सुबह 8:31
- कुम्भ6 अक्टूबर, सुबह 10:57
- मीन8 अक्टूबर, दोपहर 1:53
- मेष10 अक्टूबर, शाम 6:31
- वृषभ13 अक्टूबर, रात 1:59
- मिथुन15 अक्टूबर, दोपहर 12:31
- कर्क18 अक्टूबर, रात 12:58
- सिंह20 अक्टूबर, दोपहर 1:00
- कन्या22 अक्टूबर, रात 10:34
- तुला25 अक्टूबर, सुबह 5:02
- वृश्चिक27 अक्टूबर, सुबह 9:00
- धनु29 अक्टूबर, सुबह 11:35
- मकर31 अक्टूबर, दोपहर 1:53
- कुम्भ2 नवंबर, शाम 4:46
- मीन4 नवंबर, रात 8:49
- मेष7 नवंबर, रात 2:33
- वृषभ9 नवंबर, सुबह 10:28
- मिथुन11 नवंबर, रात 8:47
- कर्क14 नवंबर, सुबह 9:00
- सिंह16 नवंबर, रात 9:28
- कन्या19 नवंबर, सुबह 7:58
- तुला21 नवंबर, दोपहर 3:00
- वृश्चिक23 नवंबर, शाम 6:33
- धनु25 नवंबर, शाम 7:50
- मकर27 नवंबर, रात 8:34
- कुम्भ29 नवंबर, रात 10:21
- मीन2 दिसंबर, रात 2:17
- मेष4 दिसंबर, सुबह 8:46
- वृषभ6 दिसंबर, शाम 5:32
- मिथुन9 दिसंबर, सुबह 4:13
- कर्क11 दिसंबर, शाम 4:21
- सिंह14 दिसंबर, सुबह 5:02
- कन्या16 दिसंबर, शाम 4:33
- तुला19 दिसंबर, रात 1:00
- वृश्चिक21 दिसंबर, सुबह 5:27
- धनु23 दिसंबर, सुबह 6:32
- मकर25 दिसंबर, सुबह 6:00
- कुम्भ27 दिसंबर, सुबह 6:00
- मीन29 दिसंबर, सुबह 8:25
- मेष31 दिसंबर, दोपहर 2:16
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2022: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
