पंचांग · गोचर · चन्द्र
2024 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 2024 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
सभी समय दुबई के स्थानीय समय (Asia/Dubai, GST) में।
2024 में चन्द्र किन राशियों में है
- कन्या2 जनवरी, शाम 4:58
- तुला5 जनवरी, सुबह 5:16
- वृश्चिक7 जनवरी, दोपहर 2:31
- धनु9 जनवरी, शाम 7:41
- मकर11 जनवरी, रात 9:34
- कुम्भ13 जनवरी, रात 10:04
- मीन15 जनवरी, रात 11:07
- मेष18 जनवरी, रात 2:03
- वृषभ20 जनवरी, सुबह 7:22
- मिथुन22 जनवरी, दोपहर 2:52
- कर्क25 जनवरी, रात 12:16
- सिंह27 जनवरी, सुबह 11:31
- कन्या30 जनवरी, रात 12:14
- तुला1 फ़रवरी, दोपहर 1:01
- वृश्चिक3 फ़रवरी, रात 11:33
- धनु6 फ़रवरी, सुबह 6:04
- मकर8 फ़रवरी, सुबह 8:33
- कुम्भ10 फ़रवरी, सुबह 8:31
- मीन12 फ़रवरी, सुबह 8:05
- मेष14 फ़रवरी, सुबह 9:12
- वृषभ16 फ़रवरी, दोपहर 1:12
- मिथुन18 फ़रवरी, रात 8:23
- कर्क21 फ़रवरी, सुबह 6:14
- सिंह23 फ़रवरी, शाम 5:55
- कन्या26 फ़रवरी, सुबह 6:40
- तुला28 फ़रवरी, शाम 7:29
- वृश्चिक2 मार्च, सुबह 6:47
- धनु4 मार्च, दोपहर 2:51
- मकर6 मार्च, शाम 6:58
- कुम्भ8 मार्च, शाम 7:50
- मीन10 मार्च, शाम 7:09
- मेष12 मार्च, शाम 6:59
- वृषभ14 मार्च, रात 9:09
- मिथुन17 मार्च, रात 2:50
- कर्क19 मार्च, दोपहर 12:06
- सिंह21 मार्च, रात 11:56
- कन्या24 मार्च, दोपहर 12:49
- तुला27 मार्च, रात 1:26
- वृश्चिक29 मार्च, दोपहर 12:38
- धनु31 मार्च, रात 9:26
- मकर3 अप्रैल, रात 3:06
- कुम्भ5 अप्रैल, सुबह 5:42
- मीन7 अप्रैल, सुबह 6:09
- मेष9 अप्रैल, सुबह 6:01
- वृषभ11 अप्रैल, सुबह 7:09
- मिथुन13 अप्रैल, सुबह 11:13
- कर्क15 अप्रैल, शाम 7:08
- सिंह18 अप्रैल, सुबह 6:26
- कन्या20 अप्रैल, शाम 7:20
- तुला23 अप्रैल, सुबह 7:48
- वृश्चिक25 अप्रैल, शाम 6:30
- धनु28 अप्रैल, रात 2:57
- मकर30 अप्रैल, सुबह 9:06
- कुम्भ2 मई, दोपहर 1:02
- मीन4 मई, दोपहर 3:08
- मेष6 मई, शाम 4:12
- वृषभ8 मई, शाम 5:36
- मिथुन10 मई, रात 8:55
- कर्क13 मई, रात 3:34
- सिंह15 मई, दोपहर 1:54
- कन्या18 मई, रात 2:34
- तुला20 मई, दोपहर 3:04
- वृश्चिक23 मई, रात 1:25
- धनु25 मई, सुबह 9:05
- मकर27 मई, दोपहर 2:34
- कुम्भ29 मई, शाम 6:35
- मीन31 मई, रात 9:40
- मेष3 जून, रात 12:10
- वृषभ5 जून, रात 2:43
- मिथुन7 जून, सुबह 6:25
- कर्क9 जून, दोपहर 12:36
- सिंह11 जून, रात 10:08
- कन्या14 जून, सुबह 10:24
- तुला16 जून, रात 11:04
- वृश्चिक19 जून, सुबह 9:35
- धनु21 जून, शाम 4:48
- मकर23 जून, रात 9:17
- कुम्भ26 जून, रात 12:19
- मीन28 जून, रात 3:01
- मेष30 जून, सुबह 6:03
- वृषभ2 जुलाई, सुबह 9:44
- मिथुन4 जुलाई, दोपहर 2:28
- कर्क6 जुलाई, रात 9:04
- सिंह9 जुलाई, सुबह 6:22
- कन्या11 जुलाई, शाम 6:19
- तुला14 जुलाई, सुबह 7:13
- वृश्चिक16 जुलाई, शाम 6:21
- धनु19 जुलाई, रात 1:55
- मकर21 जुलाई, सुबह 5:57
- कुम्भ23 जुलाई, सुबह 7:50
- मीन25 जुलाई, सुबह 9:14
- मेष27 जुलाई, सुबह 11:29
- वृषभ29 जुलाई, दोपहर 3:15
- मिथुन31 जुलाई, रात 8:45
- कर्क3 अगस्त, सुबह 4:11
- सिंह5 अगस्त, दोपहर 1:51
- कन्या8 अगस्त, रात 1:44
- तुला10 अगस्त, दोपहर 2:47
- वृश्चिक13 अगस्त, रात 2:44
- धनु15 अगस्त, सुबह 11:22
- मकर17 अगस्त, दोपहर 3:58
- कुम्भ19 अगस्त, शाम 5:29
- मीन21 अगस्त, शाम 5:41
- मेष23 अगस्त, शाम 6:23
- वृषभ25 अगस्त, रात 8:59
- मिथुन28 अगस्त, रात 2:11
- कर्क30 अगस्त, सुबह 10:03
- सिंह1 सितंबर, रात 8:18
- कन्या4 सितंबर, सुबह 8:25
- तुला6 सितंबर, रात 9:30
- वृश्चिक9 सितंबर, सुबह 9:58
- धनु11 सितंबर, शाम 7:51
- मकर14 सितंबर, रात 1:53
- कुम्भ16 सितंबर, सुबह 4:14
- मीन18 सितंबर, सुबह 4:14
- मेष20 सितंबर, रात 3:44
- वृषभ22 सितंबर, सुबह 4:39
- मिथुन24 सितंबर, सुबह 8:25
- कर्क26 सितंबर, दोपहर 3:42
- सिंह29 सितंबर, रात 2:07
- कन्या1 अक्टूबर, दोपहर 2:31
- तुला4 अक्टूबर, रात 3:35
- वृश्चिक6 अक्टूबर, शाम 4:03
- धनु9 अक्टूबर, रात 2:37
- मकर11 अक्टूबर, सुबह 10:11
- कुम्भ13 अक्टूबर, दोपहर 2:13
- मीन15 अक्टूबर, दोपहर 3:18
- मेष17 अक्टूबर, दोपहर 2:49
- वृषभ19 अक्टूबर, दोपहर 2:39
- मिथुन21 अक्टूबर, शाम 4:44
- कर्क23 अक्टूबर, रात 10:31
- सिंह26 अक्टूबर, सुबह 8:15
- कन्या28 अक्टूबर, रात 8:40
- तुला31 अक्टूबर, सुबह 9:45
- वृश्चिक2 नवंबर, रात 9:53
- धनु5 नवंबर, सुबह 8:14
- मकर7 नवंबर, शाम 4:23
- कुम्भ9 नवंबर, रात 9:57
- मीन12 नवंबर, रात 12:51
- मेष14 नवंबर, रात 1:40
- वृषभ16 नवंबर, रात 1:46
- मिथुन18 नवंबर, रात 3:00
- कर्क20 नवंबर, सुबह 7:16
- सिंह22 नवंबर, दोपहर 3:39
- कन्या25 नवंबर, रात 3:31
- तुला27 नवंबर, शाम 4:36
- वृश्चिक30 नवंबर, सुबह 4:32
- धनु2 दिसंबर, दोपहर 2:15
- मकर4 दिसंबर, रात 9:49
- कुम्भ7 दिसंबर, रात 3:36
- मीन9 दिसंबर, सुबह 7:44
- मेष11 दिसंबर, सुबह 10:17
- वृषभ13 दिसंबर, सुबह 11:48
- मिथुन15 दिसंबर, दोपहर 1:34
- कर्क17 दिसंबर, शाम 5:17
- सिंह20 दिसंबर, रात 12:29
- कन्या22 दिसंबर, सुबह 11:25
- तुला25 दिसंबर, रात 12:20
- वृश्चिक27 दिसंबर, दोपहर 12:26
- धनु29 दिसंबर, रात 9:51
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 2024: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
