पंचांग · गोचर · चन्द्र
1984 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 1984 में 161 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
1984 में चन्द्र किन राशियों में है
- धनु1 जनवरी, रात 11:28
- मकर4 जनवरी, सुबह 9:27
- कुम्भ6 जनवरी, रात 9:12
- मीन9 जनवरी, सुबह 9:54
- मेष11 जनवरी, रात 9:43
- वृषभ14 जनवरी, सुबह 6:36
- मिथुन16 जनवरी, सुबह 11:31
- कर्क18 जनवरी, दोपहर 1:05
- सिंह20 जनवरी, दोपहर 12:56
- कन्या22 जनवरी, दोपहर 1:09
- तुला24 जनवरी, दोपहर 3:29
- वृश्चिक26 जनवरी, रात 8:56
- धनु29 जनवरी, सुबह 5:24
- मकर31 जनवरी, शाम 4:02
- कुम्भ3 फ़रवरी, सुबह 4:01
- मीन5 फ़रवरी, शाम 4:40
- मेष8 फ़रवरी, सुबह 4:59
- वृषभ10 फ़रवरी, दोपहर 3:13
- मिथुन12 फ़रवरी, रात 9:47
- कर्क15 फ़रवरी, रात 12:20
- सिंह17 फ़रवरी, रात 12:04
- कन्या18 फ़रवरी, रात 11:03
- तुला20 फ़रवरी, रात 11:33
- वृश्चिक23 फ़रवरी, रात 3:21
- धनु25 फ़रवरी, सुबह 11:03
- मकर27 फ़रवरी, रात 9:48
- कुम्भ1 मार्च, सुबह 10:06
- मीन3 मार्च, रात 10:46
- मेष6 मार्च, सुबह 10:59
- वृषभ8 मार्च, रात 9:49
- मिथुन11 मार्च, सुबह 5:51
- कर्क13 मार्च, सुबह 10:12
- सिंह15 मार्च, सुबह 11:11
- कन्या17 मार्च, सुबह 10:22
- तुला19 मार्च, सुबह 9:56
- वृश्चिक21 मार्च, दोपहर 12:03
- धनु23 मार्च, शाम 6:06
- मकर26 मार्च, रात 3:59
- कुम्भ28 मार्च, शाम 4:13
- मीन31 मार्च, सुबह 4:55
- मेष2 अप्रैल, शाम 4:51
- वृषभ5 अप्रैल, रात 3:23
- मिथुन7 अप्रैल, सुबह 11:50
- कर्क9 अप्रैल, शाम 5:31
- सिंह11 अप्रैल, रात 8:14
- कन्या13 अप्रैल, रात 8:48
- तुला15 अप्रैल, रात 8:51
- वृश्चिक17 अप्रैल, रात 10:21
- धनु20 अप्रैल, रात 3:00
- मकर22 अप्रैल, सुबह 11:30
- कुम्भ24 अप्रैल, रात 11:04
- मीन27 अप्रैल, सुबह 11:43
- मेष29 अप्रैल, रात 11:32
- वृषभ2 मई, सुबह 9:29
- मिथुन4 मई, शाम 5:21
- कर्क6 मई, रात 11:04
- सिंह9 मई, रात 2:47
- कन्या11 मई, सुबह 4:53
- तुला13 मई, सुबह 6:20
- वृश्चिक15 मई, सुबह 8:27
- धनु17 मई, दोपहर 12:44
- मकर19 मई, रात 8:12
- कुम्भ22 मई, सुबह 6:53
- मीन24 मई, शाम 7:19
- मेष27 मई, सुबह 7:15
- वृषभ29 मई, शाम 4:59
- मिथुन1 जून, रात 12:01
- कर्क3 जून, सुबह 4:49
- सिंह5 जून, सुबह 8:10
- कन्या7 जून, सुबह 10:49
- तुला9 जून, दोपहर 1:29
- वृश्चिक11 जून, शाम 4:52
- धनु13 जून, रात 9:47
- मकर16 जून, सुबह 5:05
- कुम्भ18 जून, दोपहर 3:09
- मीन21 जून, रात 3:18
- मेष23 जून, दोपहर 3:33
- वृषभ26 जून, रात 1:39
- मिथुन28 जून, सुबह 8:26
- कर्क30 जून, दोपहर 12:16
- सिंह2 जुलाई, दोपहर 2:24
- कन्या4 जुलाई, शाम 4:16
- तुला6 जुलाई, शाम 7:01
- वृश्चिक8 जुलाई, रात 11:15
- धनु11 जुलाई, सुबह 5:11
- मकर13 जुलाई, दोपहर 1:03
- कुम्भ15 जुलाई, रात 11:05
- मीन18 जुलाई, सुबह 11:03
- मेष20 जुलाई, रात 11:39
- वृषभ23 जुलाई, सुबह 10:35
- मिथुन25 जुलाई, शाम 5:59
- कर्क27 जुलाई, रात 9:37
- सिंह29 जुलाई, रात 10:43
- कन्या31 जुलाई, रात 11:10
- तुला3 अगस्त, रात 12:46
- वृश्चिक5 अगस्त, सुबह 4:39
- धनु7 अगस्त, सुबह 11:04
- मकर9 अगस्त, शाम 7:40
- कुम्भ12 अगस्त, सुबह 6:06
- मीन14 अगस्त, शाम 6:05
- मेष17 अगस्त, सुबह 6:52
- वृषभ19 अगस्त, शाम 6:40
- मिथुन22 अगस्त, रात 3:21
- कर्क24 अगस्त, सुबह 7:51
- सिंह26 अगस्त, सुबह 8:54
- कन्या28 अगस्त, सुबह 8:22
- तुला30 अगस्त, सुबह 8:25
- वृश्चिक1 सितंबर, सुबह 10:52
- धनु3 सितंबर, शाम 4:36
- मकर6 सितंबर, रात 1:21
- कुम्भ8 सितंबर, दोपहर 12:13
- मीन11 सितंबर, रात 12:24
- मेष13 सितंबर, दोपहर 1:11
- वृषभ16 सितंबर, रात 1:23
- मिथुन18 सितंबर, सुबह 11:16
- कर्क20 सितंबर, शाम 5:22
- सिंह22 सितंबर, शाम 7:34
- कन्या24 सितंबर, शाम 7:12
- तुला26 सितंबर, शाम 6:24
- वृश्चिक28 सितंबर, शाम 7:17
- धनु30 सितंबर, रात 11:25
- मकर3 अक्टूबर, सुबह 7:17
- कुम्भ5 अक्टूबर, शाम 6:06
- मीन8 अक्टूबर, सुबह 6:28
- मेष10 अक्टूबर, शाम 7:09
- वृषभ13 अक्टूबर, सुबह 7:11
- मिथुन15 अक्टूबर, शाम 5:28
- कर्क18 अक्टूबर, रात 12:53
- सिंह20 अक्टूबर, सुबह 4:49
- कन्या22 अक्टूबर, सुबह 5:52
- तुला24 अक्टूबर, सुबह 5:31
- वृश्चिक26 अक्टूबर, सुबह 5:44
- धनु28 अक्टूबर, सुबह 8:23
- मकर30 अक्टूबर, दोपहर 2:42
- कुम्भ2 नवंबर, रात 12:40
- मीन4 नवंबर, दोपहर 12:57
- मेष7 नवंबर, रात 1:37
- वृषभ9 नवंबर, दोपहर 1:15
- मिथुन11 नवंबर, रात 11:02
- कर्क14 नवंबर, सुबह 6:35
- सिंह16 नवंबर, सुबह 11:41
- कन्या18 नवंबर, दोपहर 2:27
- तुला20 नवंबर, दोपहर 3:40
- वृश्चिक22 नवंबर, शाम 4:35
- धनु24 नवंबर, शाम 6:49
- मकर26 नवंबर, रात 11:53
- कुम्भ29 नवंबर, सुबह 8:35
- मीन1 दिसंबर, रात 8:19
- मेष4 दिसंबर, सुबह 9:03
- वृषभ6 दिसंबर, रात 8:34
- मिथुन9 दिसंबर, सुबह 5:40
- कर्क11 दिसंबर, दोपहर 12:19
- सिंह13 दिसंबर, शाम 5:05
- कन्या15 दिसंबर, रात 8:34
- तुला17 दिसंबर, रात 11:15
- वृश्चिक20 दिसंबर, रात 1:43
- धनु22 दिसंबर, सुबह 4:49
- मकर24 दिसंबर, सुबह 9:43
- कुम्भ26 दिसंबर, शाम 5:32
- मीन29 दिसंबर, सुबह 4:31
- मेष31 दिसंबर, शाम 5:15
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 1984: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
