पंचांग · गोचर · चन्द्र
1981 में चन्द्र का गोचर
चन्द्रमा लगभग हर सवा दो दिन में राशि बदलता है; 1981 में 160 बार। नीचे हर प्रवेश का समय है।
1981 में चन्द्र किन राशियों में है
- वृश्चिक2 जनवरी, सुबह 8:29
- धनु4 जनवरी, शाम 7:00
- मकर7 जनवरी, रात 3:01
- कुम्भ9 जनवरी, सुबह 8:54
- मीन11 जनवरी, दोपहर 1:12
- मेष13 जनवरी, शाम 4:24
- वृषभ15 जनवरी, शाम 6:59
- मिथुन17 जनवरी, रात 9:41
- कर्क20 जनवरी, रात 1:30
- सिंह22 जनवरी, सुबह 7:35
- कन्या24 जनवरी, शाम 4:40
- तुला27 जनवरी, सुबह 4:21
- वृश्चिक29 जनवरी, शाम 4:53
- धनु1 फ़रवरी, रात 3:52
- मकर3 फ़रवरी, सुबह 11:51
- कुम्भ5 फ़रवरी, शाम 4:50
- मीन7 फ़रवरी, शाम 7:46
- मेष9 फ़रवरी, रात 9:56
- वृषभ12 फ़रवरी, रात 12:26
- मिथुन14 फ़रवरी, सुबह 4:00
- कर्क16 फ़रवरी, सुबह 9:05
- सिंह18 फ़रवरी, शाम 4:02
- कन्या21 फ़रवरी, रात 1:11
- तुला23 फ़रवरी, दोपहर 12:30
- वृश्चिक26 फ़रवरी, रात 1:04
- धनु28 फ़रवरी, दोपहर 12:49
- मकर2 मार्च, रात 9:41
- कुम्भ5 मार्च, रात 2:47
- मीन7 मार्च, सुबह 4:51
- मेष9 मार्च, सुबह 5:29
- वृषभ11 मार्च, सुबह 6:31
- मिथुन13 मार्च, सुबह 9:24
- कर्क15 मार्च, दोपहर 2:48
- सिंह17 मार्च, रात 10:37
- कन्या20 मार्च, सुबह 8:26
- तुला22 मार्च, शाम 7:51
- वृश्चिक25 मार्च, सुबह 8:22
- धनु27 मार्च, रात 8:41
- मकर30 मार्च, सुबह 6:48
- कुम्भ1 अप्रैल, दोपहर 1:06
- मीन3 अप्रैल, दोपहर 3:32
- मेष5 अप्रैल, दोपहर 3:27
- वृषभ7 अप्रैल, दोपहर 2:58
- मिथुन9 अप्रैल, शाम 4:10
- कर्क11 अप्रैल, रात 8:28
- सिंह14 अप्रैल, सुबह 4:10
- कन्या16 अप्रैल, दोपहर 2:27
- तुला19 अप्रैल, रात 2:15
- वृश्चिक21 अप्रैल, दोपहर 2:47
- धनु24 अप्रैल, रात 3:14
- मकर26 अप्रैल, दोपहर 2:12
- कुम्भ28 अप्रैल, रात 10:01
- मीन1 मई, रात 1:51
- मेष3 मई, रात 2:23
- वृषभ5 मई, रात 1:26
- मिथुन7 मई, रात 1:16
- कर्क9 मई, रात 3:52
- सिंह11 मई, सुबह 10:18
- कन्या13 मई, रात 8:12
- तुला16 मई, सुबह 8:11
- वृश्चिक18 मई, रात 8:48
- धनु21 मई, सुबह 9:04
- मकर23 मई, रात 8:09
- कुम्भ26 मई, सुबह 4:53
- मीन28 मई, सुबह 10:16
- मेष30 मई, दोपहर 12:19
- वृषभ1 जून, दोपहर 12:11
- मिथुन3 जून, सुबह 11:48
- कर्क5 जून, दोपहर 1:14
- सिंह7 जून, शाम 6:07
- कन्या10 जून, रात 2:52
- तुला12 जून, दोपहर 2:28
- वृश्चिक15 जून, रात 3:06
- धनु17 जून, दोपहर 3:11
- मकर20 जून, रात 1:49
- कुम्भ22 जून, सुबह 10:27
- मीन24 जून, शाम 4:35
- मेष26 जून, रात 8:04
- वृषभ28 जून, रात 9:28
- मिथुन30 जून, रात 10:01
- कर्क2 जुलाई, रात 11:27
- सिंह5 जुलाई, रात 3:23
- कन्या7 जुलाई, सुबह 10:53
- तुला9 जुलाई, रात 9:40
- वृश्चिक12 जुलाई, सुबह 10:09
- धनु14 जुलाई, रात 10:12
- मकर17 जुलाई, सुबह 8:24
- कुम्भ19 जुलाई, शाम 4:17
- मीन21 जुलाई, रात 10:00
- मेष24 जुलाई, रात 1:54
- वृषभ26 जुलाई, सुबह 4:30
- मिथुन28 जुलाई, सुबह 6:29
- कर्क30 जुलाई, सुबह 8:54
- सिंह1 अगस्त, दोपहर 12:57
- कन्या3 अगस्त, शाम 7:46
- तुला6 अगस्त, सुबह 5:44
- वृश्चिक8 अगस्त, शाम 5:55
- धनु11 अगस्त, सुबह 6:11
- मकर13 अगस्त, शाम 4:23
- कुम्भ15 अगस्त, रात 11:38
- मीन18 अगस्त, सुबह 4:18
- मेष20 अगस्त, सुबह 7:24
- वृषभ22 अगस्त, सुबह 9:59
- मिथुन24 अगस्त, दोपहर 12:50
- कर्क26 अगस्त, शाम 4:29
- सिंह28 अगस्त, रात 9:28
- कन्या31 अगस्त, सुबह 4:28
- तुला2 सितंबर, दोपहर 2:02
- वृश्चिक5 सितंबर, रात 1:56
- धनु7 सितंबर, दोपहर 2:31
- मकर10 सितंबर, रात 1:20
- कुम्भ12 सितंबर, सुबह 8:43
- मीन14 सितंबर, दोपहर 12:40
- मेष16 सितंबर, दोपहर 2:29
- वृषभ18 सितंबर, दोपहर 3:51
- मिथुन20 सितंबर, शाम 6:12
- कर्क22 सितंबर, रात 10:16
- सिंह25 सितंबर, सुबह 4:13
- कन्या27 सितंबर, दोपहर 12:00
- तुला29 सितंबर, रात 9:46
- वृश्चिक2 अक्टूबर, सुबह 9:32
- धनु4 अक्टूबर, रात 10:22
- मकर7 अक्टूबर, सुबह 10:08
- कुम्भ9 अक्टूबर, शाम 6:33
- मीन11 अक्टूबर, रात 10:49
- मेष13 अक्टूबर, रात 11:57
- वृषभ15 अक्टूबर, रात 11:54
- मिथुन18 अक्टूबर, रात 12:41
- कर्क20 अक्टूबर, रात 3:48
- सिंह22 अक्टूबर, सुबह 9:43
- कन्या24 अक्टूबर, शाम 6:08
- तुला27 अक्टूबर, सुबह 4:28
- वृश्चिक29 अक्टूबर, शाम 4:21
- धनु1 नवंबर, सुबह 5:15
- मकर3 नवंबर, शाम 5:42
- कुम्भ6 नवंबर, रात 3:32
- मीन8 नवंबर, सुबह 9:14
- मेष10 नवंबर, सुबह 10:59
- वृषभ12 नवंबर, सुबह 10:27
- मिथुन14 नवंबर, सुबह 9:48
- कर्क16 नवंबर, सुबह 11:07
- सिंह18 नवंबर, दोपहर 3:42
- कन्या20 नवंबर, रात 11:43
- तुला23 नवंबर, सुबह 10:21
- वृश्चिक25 नवंबर, रात 10:33
- धनु28 नवंबर, सुबह 11:23
- मकर30 नवंबर, रात 11:54
- कुम्भ3 दिसंबर, सुबह 10:37
- मीन5 दिसंबर, शाम 6:00
- मेष7 दिसंबर, रात 9:29
- वृषभ9 दिसंबर, रात 9:54
- मिथुन11 दिसंबर, रात 9:04
- कर्क13 दिसंबर, रात 9:05
- सिंह15 दिसंबर, रात 11:50
- कन्या18 दिसंबर, सुबह 6:20
- तुला20 दिसंबर, शाम 4:24
- वृश्चिक23 दिसंबर, सुबह 4:42
- धनु25 दिसंबर, शाम 5:33
- मकर28 दिसंबर, सुबह 5:44
- कुम्भ30 दिसंबर, शाम 4:18
यह भी देखें: चन्द्र (शब्दकोश) · गोचर 1981: सभी ग्रह · अपनी कुंडली पर गोचर
समझें
गोचर क्या है
गोचर का अर्थ है ग्रहों का चलना: आकाश में हर ग्रह राशि-चक्र में आगे बढ़ता है, और जब वह एक राशि की सीमा पार करता है तो उसे उस ग्रह का राशि परिवर्तन (संक्रमण) कहते हैं। यह पृष्ठ केवल वही बताता है कि कौन-सा ग्रह कब कहाँ है। शास्त्रीय पद्धति में गोचर को व्यक्ति की जन्म-राशि (चन्द्र राशि) से गिनकर पढ़ा जाता है; अपनी कुंडली पर आज का गोचर देखने के लिए गोचर उपकरण खोलें।
वक्री और मार्गी
पृथ्वी से देखने पर मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि कभी-कभी कुछ समय के लिए पीछे की ओर चलते दिखते हैं। इसे वक्री गति कहते हैं; जिस क्षण ग्रह रुककर मुड़ता है वह स्तम्भन (स्टेशन) है, और फिर आगे बढ़ना मार्गी होना। यह पृथ्वी और ग्रह की कक्षाओं की सापेक्ष गति का दृश्य प्रभाव है। सूर्य और चन्द्रमा कभी वक्री नहीं होते; राहु-केतु (मध्यम) सदा पीछे चलते हैं।
अस्त (दहन)
जब कोई ग्रह सूर्य के बहुत पास होता है तो सूर्य की चमक में वह दिखाई नहीं देता; ग्रंथ इसे अस्त कहते हैं, और फिर दिखने लगना उदय। सूर्य सिद्धान्त हर ग्रह के लिए दूरी की सीमा देता है। यहाँ प्रयुक्त सीमाएँ: मंगल 17°, बुध 14° (वक्री में 12°), गुरु 11°, शुक्र 10° (वक्री में 8°), शनि 15°। पंचांग गुरु और शुक्र के अस्त-काल को विवाह जैसे संस्कारों के मुहूर्त में छोड़ते हैं।
निरयण राशियाँ
भारतीय पंचांग राशियों को तारों के सापेक्ष (निरयण) गिनते हैं। पश्चिमी (सायन) राशियाँ इनसे लगभग 24° आगे हैं, इसलिए वहाँ छपी तारीखें यहाँ से लगभग तीन सप्ताह पहले की होती हैं। यहाँ लाहिरी अयनांश प्रयुक्त है।
यह गणना कैसे हुई
NASA JPL के DE421 आँकड़ों से हर ग्रह की स्पष्ट भू-केन्द्रीय स्थिति, लाहिरी अयनांश घटाकर। राशि-सीमा पार करने, गति शून्य होने और सूर्य से दूरी सीमा के बराबर होने के क्षण द्विभाजन (bisection) से एक सेकंड से कम की शुद्धता तक निकाले गए हैं। अयनांश के छोटे अन्तर से धीमे ग्रहों (विशेषकर शनि) का समय दूसरे पंचांगों से कुछ घंटे अलग हो सकता है।
पंचांग में और
- आजआज के पाँच अंग, शुभ-अशुभ समय और चौघड़िया।
- मासिक कैलेंडरपूरे मास की तिथियाँ, नक्षत्र और पर्व।
- पर्व और व्रतवर्ष भर के पर्व, व्रत, एकादशी और पूर्णिमा।
- मुहूर्त खोजेंरोज़ के कामों के लिए शुभ समय, कारण सहित।
- चौघड़ियादिन-रात के आठ-आठ भाग, अभी कौन-सा चल रहा है।
- राहु कालआज का राहु काल, गुलिक और यमगण्ड।
- पंचकआने वाले महीनों के पंचक, और ग्रंथ इनके बारे में क्या कहते हैं।
- भद्राभद्रा (विष्टि करण) कब है और उसका वास कहाँ है।
- संक्रान्तिवर्ष की बारह संक्रान्तियाँ, समय और पुण्य काल सहित।
- ग्रहणवर्ष के सूर्य और चन्द्र ग्रहण, स्पर्श-मोक्ष के समय और सूतक।
- तिथि परिवर्तककिसी भी अंग्रेज़ी तारीख की हिन्दू तिथि।
- जन्म तिथिअपनी जन्म तिथि और अगले वर्षों की तारीखें।
- नामाक्षरनक्षत्र-पद के अनुसार नाम के आरम्भिक अक्षर।
